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जान खतरे में डाल कर गुजर रहे लोग
Updated Tue, 27 Jun 2017 10:07 PM IST
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देवाल। इन दिनों हो रही बारिश के कारण पिंडर नदी पर बनी वैकल्पिक पुुलिया तक पानी पहुंच गया है। यहां आवागमन का कोई अन्य साधन न होने के चलते लोग जान हथेली पर रखकर आवाजाही को मजबूर हैं।
जून 2013 में बोरागाड़, ओडर, लिंगड़ी, कोटेड़ा, बजई, हड़ाप सहित आसपास के गांवों को बाजार और सड़क से जोड़ने वाला बोरागाड़ झूला पुल बह गया था। तब लोनिवि ने यहां सितंबर 2013 में हस्तचालित ट्राली लगाई, जो खराब हो गई। तब लोगों ने यहां लकड़ी की अस्थायी पुलिया बनाई जो कुछ समय बाद कह गई। जनवरी 2014 में लोनिवि ने यहां स्वचालित ट्राली लगाई जो अब खराब पड़ी है। ऐसे में लोगों ने पिंडर नदी पर दोबारा लकड़ी की अस्थायी पुलिया बनाकर आवागमन शुरू किया। लिंगड़ी के ग्रामीण नंदन सिंह, बोरागाड़ के कमल सिंह आदि का कहना है कि बारिश से पिंडर नदी का पानी बढ़कर पुल तक पहुंच गया है। पुल तक बनाया गया एप्रोच मार्ग भी पानी से ढक गया है। ग्रामीणों ने कहा कि यदि जल्द आवागमन की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई तो एक जुलाई से स्कूल आने जाने वाले बच्चों को दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। इधर लोनिवि के अधिशासी अभियंता एसके पांडे ने बताया कि एक दो दिनों में ट्राली चालू कर दी जाएगी।
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