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ठंडे बस्ते में दून के चारों सिद्ध जोड़ने की योजना
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ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
दून के चारों सिद्ध जोड़ने की योजना ठंडे बस्ते में है। लोक निर्माण विभाग की ओर से बीते वर्ष सरकार को भेजे गए 115 किलोमीटर आउटर रिंग रोड के प्रस्ताव को अभी तक हरी झंडी नहीं मिली है। आउटर रिंग रोड निर्माण की लागत करीब 250 करोड़ रुपये आंकी गई थी।
बीते वर्ष अप्रैल में लोक निर्माण विभाग ने दून के चारों सिद्ध (लक्ष्मण सिद्ध, मानक सिद्ध, माढू सिद्ध, कालू सिद्ध) को जोड़ने के लिए आउटर रिंग रोड बनाने का प्रस्ताव सरकार को भेजा था। इसके तहत कई स्थानों पर सड़क के चौड़ीकरण के अलावा दो-तीन पुल भी बनाने की योजना थी, लेकिन केंद्र सरकार से स्वीकृति नहीं मिलने के चलते योजना परवान नहीं चढ़ सकी है। आउटर रिंग के बनने से श्रद्धालु चारों सिद्धों के दर्शन एक दिन में ही कर सकेंगे।
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आउटर रिंग रोड को लेकर सरकार को प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन अभी तक स्वीकृति नहीं मिल पाई है। स्वीकृति मिलने के बाद ही कार्य शुरू किया जाएगा।
-राजेंद्र गोयल, मुख्य अभियंता, देहरादून क्षेत्र
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दून के चारों सिद्ध जोड़ने की योजना ठंडे बस्ते में है। लोक निर्माण विभाग की ओर से बीते वर्ष सरकार को भेजे गए 115 किलोमीटर आउटर रिंग रोड के प्रस्ताव को अभी तक हरी झंडी नहीं मिली है। आउटर रिंग रोड निर्माण की लागत करीब 250 करोड़ रुपये आंकी गई थी।
बीते वर्ष अप्रैल में लोक निर्माण विभाग ने दून के चारों सिद्ध (लक्ष्मण सिद्ध, मानक सिद्ध, माढू सिद्ध, कालू सिद्ध) को जोड़ने के लिए आउटर रिंग रोड बनाने का प्रस्ताव सरकार को भेजा था। इसके तहत कई स्थानों पर सड़क के चौड़ीकरण के अलावा दो-तीन पुल भी बनाने की योजना थी, लेकिन केंद्र सरकार से स्वीकृति नहीं मिलने के चलते योजना परवान नहीं चढ़ सकी है। आउटर रिंग के बनने से श्रद्धालु चारों सिद्धों के दर्शन एक दिन में ही कर सकेंगे।
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आउटर रिंग रोड को लेकर सरकार को प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन अभी तक स्वीकृति नहीं मिल पाई है। स्वीकृति मिलने के बाद ही कार्य शुरू किया जाएगा।
-राजेंद्र गोयल, मुख्य अभियंता, देहरादून क्षेत्र