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नेहरूग्राम में सरकारी जमीन पर धर्मस्थल बनाए जाने को लेकर हंगामा
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ब्यूरो/अमर उजाला।
देहरादून। रायपुर क्षेत्र के नेहरूग्राम इलाके में सरकारी जमीन पर धर्मस्थल बनाए जाने को लेकर बृहस्पतिवार को दो पक्ष आमने सामने आ गए। इससे पहले मामला तूल पकड़ता सूचना पर पहुंची पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों ने लोगों को शांत कराया। उसके बाद निगम अधिकारियों ने विवादित जमीन पर पार्क बनाने की घोषणा की।
नगर निगम के अधिकारियों की मौजूदगी में विवादित जमीन की पैमाइश कराने के बाद धर्मस्थल बनाए जाने पर रोक लगाई गई। निगम के भूमि कर अधीक्षक विनय प्रताप सिंह ने बताया कि विवादित जमीन की पैमाइश कराने के साथ ही धर्मस्थल के निर्माण पर रोक लगा दी है। अब इस जमीन पर पार्क का निर्माण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस स्थल पर किसी को निर्माण की अनुमति नहीं दी जा सकती। क्षेत्र में पेयजल की समस्या को देखते हुए क्षेत्रीय विधायक ने इस विवादित जमीन पर ट्यूबवेल लगाने की घोषणा की थी। लेकिन ट्यूबवेल वाली जमीन पर कुछ लोगों ने धर्मस्थल बनाने का काम शुरू कर दिया। जिसका कुछ लोगों ने विरोध किया और प्रकरण को लेकर हंगामा हो गया। उन्होंने बताया कि फिलहाल स्थिति सामान्य है।
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देहरादून। रायपुर क्षेत्र के नेहरूग्राम इलाके में सरकारी जमीन पर धर्मस्थल बनाए जाने को लेकर बृहस्पतिवार को दो पक्ष आमने सामने आ गए। इससे पहले मामला तूल पकड़ता सूचना पर पहुंची पुलिस और नगर निगम के अधिकारियों ने लोगों को शांत कराया। उसके बाद निगम अधिकारियों ने विवादित जमीन पर पार्क बनाने की घोषणा की।
नगर निगम के अधिकारियों की मौजूदगी में विवादित जमीन की पैमाइश कराने के बाद धर्मस्थल बनाए जाने पर रोक लगाई गई। निगम के भूमि कर अधीक्षक विनय प्रताप सिंह ने बताया कि विवादित जमीन की पैमाइश कराने के साथ ही धर्मस्थल के निर्माण पर रोक लगा दी है। अब इस जमीन पर पार्क का निर्माण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस स्थल पर किसी को निर्माण की अनुमति नहीं दी जा सकती। क्षेत्र में पेयजल की समस्या को देखते हुए क्षेत्रीय विधायक ने इस विवादित जमीन पर ट्यूबवेल लगाने की घोषणा की थी। लेकिन ट्यूबवेल वाली जमीन पर कुछ लोगों ने धर्मस्थल बनाने का काम शुरू कर दिया। जिसका कुछ लोगों ने विरोध किया और प्रकरण को लेकर हंगामा हो गया। उन्होंने बताया कि फिलहाल स्थिति सामान्य है।
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