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भूमिगत लाइनों के लिए 200 करोड़ का बजट मंजूर
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ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
यूपीसीएल की बोर्ड बैठक में बुधवार को पावर डेवलपमेंट स्कीम के तहत कुंभ क्षेत्र में विद्युत लाइनों को भूमिगत करने का कार्य के लिए शेष 200 करोड़ के बजट को मंजूरी मिल गई है। 388 करोड़ की इस योजना के लिए पहले 188 करोड़ का बजट जारी हो चुका है। इसके अलावा एसीपी के मुद्दे पर भी चर्चा हुई, लेकिन सहमति नहीं बन सकी।
बता दें, हरिद्वार में 2021 में होने वाले कुंभ से पहले लाइनों को भूमिगत किया जाना है। पावर डेवलपमेंट स्कीम के तहत 54 किलोमीटर 33 केवी, 122 किलोमीटर 11केवी और 140.20 किलोमीटर एलटी लाइन भूमिगत होनी है। इसके अलावा 50 किमी स्ट्रीट लाइट केबल भी अंडरग्राउंड किया जाना है। सचिव ऊर्जा राधिका झा की मौजूदगी में बुधवार को हुई बोर्ड बैठक में शेष 200 करोड़ के बजट की मंजूरी मिल गई। बैठक में एसीपी के मुद्दे पर चर्चा बेनतीजा रही। इसके अलावा प्रदेश में नए पावर सब स्टेशन खोलने और ऑडिटर्स की नियुक्ति समेत कई बिंदुओं पर चर्चा की गई। बैठक के दौरान सचिव ऊर्जा राधिका झा ने कहा कि महंगी बिजली खरीद से काफी घाटा हो रहा है। इसमें सुधार की आवश्यकता है। बैठक में स्वतंत्र निदेशक जेएल बजाज, स्वतंत्र निदेशक बीपी पांडेय, ऊर्जा सचिव राधिका झा, अपर सचिव भूपेश तिवारी, अपर सचिव आलोक शेखर तिवारी, प्रबंध निदेशक बीसीके मिश्रा, यूजेवीएनएल के प्रबंध निदेशक एसएन वर्मा, पिटकुल के प्रबंध निदेशक संदीप सिंघल समेत यूपीसीएल के तमाम निदेशक और अधिकारी मौजूद रहे।
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यूपीसीएल की बोर्ड बैठक में बुधवार को पावर डेवलपमेंट स्कीम के तहत कुंभ क्षेत्र में विद्युत लाइनों को भूमिगत करने का कार्य के लिए शेष 200 करोड़ के बजट को मंजूरी मिल गई है। 388 करोड़ की इस योजना के लिए पहले 188 करोड़ का बजट जारी हो चुका है। इसके अलावा एसीपी के मुद्दे पर भी चर्चा हुई, लेकिन सहमति नहीं बन सकी।
बता दें, हरिद्वार में 2021 में होने वाले कुंभ से पहले लाइनों को भूमिगत किया जाना है। पावर डेवलपमेंट स्कीम के तहत 54 किलोमीटर 33 केवी, 122 किलोमीटर 11केवी और 140.20 किलोमीटर एलटी लाइन भूमिगत होनी है। इसके अलावा 50 किमी स्ट्रीट लाइट केबल भी अंडरग्राउंड किया जाना है। सचिव ऊर्जा राधिका झा की मौजूदगी में बुधवार को हुई बोर्ड बैठक में शेष 200 करोड़ के बजट की मंजूरी मिल गई। बैठक में एसीपी के मुद्दे पर चर्चा बेनतीजा रही। इसके अलावा प्रदेश में नए पावर सब स्टेशन खोलने और ऑडिटर्स की नियुक्ति समेत कई बिंदुओं पर चर्चा की गई। बैठक के दौरान सचिव ऊर्जा राधिका झा ने कहा कि महंगी बिजली खरीद से काफी घाटा हो रहा है। इसमें सुधार की आवश्यकता है। बैठक में स्वतंत्र निदेशक जेएल बजाज, स्वतंत्र निदेशक बीपी पांडेय, ऊर्जा सचिव राधिका झा, अपर सचिव भूपेश तिवारी, अपर सचिव आलोक शेखर तिवारी, प्रबंध निदेशक बीसीके मिश्रा, यूजेवीएनएल के प्रबंध निदेशक एसएन वर्मा, पिटकुल के प्रबंध निदेशक संदीप सिंघल समेत यूपीसीएल के तमाम निदेशक और अधिकारी मौजूद रहे।
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