{"_id":"5bbb8455867a55285c322868","slug":"15390157403-gopeshwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कल शीतकाल के लिए बंद होंगे हेमकुंड साहिब के कपाट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कल शीतकाल के लिए बंद होंगे हेमकुंड साहिब के कपाट
Updated Mon, 08 Oct 2018 09:52 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जोशीमठ। श्री हेमकुंड साहिब और लक्ष्मण मंदिर के कपाट 10 अक्तूबर को दोपहर डेढ़ बजे शीतकाल के लिए बंद हो जाएंगे। कपाट बंद करने की सभी तैयारियों पूरी कर ली गई हैं।
गोविंदघाट गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के वरिष्ठ प्रबंधक सरदार सेवा सिंह ने बताया कि इस बार हेमकुंड साहिब के कपाट 25 मई को खुले थे। अब 10 अक्तूबर को सुबह साढ़े दस बजे से कपाट बंद होने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। साढ़े दस बजे सुखमणी का पाठ, सवा ग्यारह बजे शबद कीर्तन, 12 बजकर 20 मिनट पर हेमकुंड में अंतिम अरदास पढ़ी जाएगी। इसके बाद विधि-विधान के साथ गुरु ग्रंथ साहिब को पंच प्यारों की अगुवाई में सतखंड में विराजमान कर दिया जाएगा और दोपहर डेढ़ बजे हेमकुंड साहिब के कपाट शीतकाल के लिए बंद कर दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि इस वर्ष हेमकुंड साहिब की तीर्थयात्रा में भी बढ़ोत्तरी दर्ज हुई है। अब तक 2 लाख 29 हजार तीर्थयात्री हेमकुंड साहिब में मत्था टेक चुके हैं, जबकि गत वर्ष दो लाख 27 हजार तीर्थयात्री हेमकुंड के दर्शनों के लिए पहुंचे थे।
विज्ञापन
गोविंदघाट गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी के वरिष्ठ प्रबंधक सरदार सेवा सिंह ने बताया कि इस बार हेमकुंड साहिब के कपाट 25 मई को खुले थे। अब 10 अक्तूबर को सुबह साढ़े दस बजे से कपाट बंद होने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। साढ़े दस बजे सुखमणी का पाठ, सवा ग्यारह बजे शबद कीर्तन, 12 बजकर 20 मिनट पर हेमकुंड में अंतिम अरदास पढ़ी जाएगी। इसके बाद विधि-विधान के साथ गुरु ग्रंथ साहिब को पंच प्यारों की अगुवाई में सतखंड में विराजमान कर दिया जाएगा और दोपहर डेढ़ बजे हेमकुंड साहिब के कपाट शीतकाल के लिए बंद कर दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि इस वर्ष हेमकुंड साहिब की तीर्थयात्रा में भी बढ़ोत्तरी दर्ज हुई है। अब तक 2 लाख 29 हजार तीर्थयात्री हेमकुंड साहिब में मत्था टेक चुके हैं, जबकि गत वर्ष दो लाख 27 हजार तीर्थयात्री हेमकुंड के दर्शनों के लिए पहुंचे थे।
विज्ञापन