{"_id":"5b02fd704f1c1bdf408b6d06","slug":"152692260311compat-gopeshwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुख्यमंत्री ने बदरीनाथ में टेका मत्था-compat","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुख्यमंत्री ने बदरीनाथ में टेका मत्था-compat
Updated Mon, 21 May 2018 10:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
बदरीनाथ। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने सोमवार को बदरीनाथ धाम में मत्था टेका। उन्होंने तीर्थयात्रियों और स्थानीय लोगों से बदरीनाथ धाम की पवित्रता बनाए रखने के लिए स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने की अपील की। सीएम के साथ उनकी बेटी ने भी भगवान बदरीनाथ के दर्शन किए।
मुख्यमंत्री सुबह साढ़े सात बजे हेलीकॉप्टर से बदरीनाथ पहुंचे। उन्होंने करीब पंद्रह मिनट तक बदरीनाथ की पूजा-अर्चना में भाग लिया। तीर्थयात्रियों और स्थानीय लोगों से मुलाकात में मुख्यमंत्री ने कहा कि केदारनाथ धाम पूरी तरह से आपदा से उबर चुका है। तीर्थयात्रियों की संख्या निरंतर बढ़ रही है। ऑलवेदर रोड परियोजना से आने वाले समय में चारधाम यात्रा और भी सुगम हो जाएगी। इस मौके पर श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती, नगर पंचायत अध्यक्ष अरविंद शर्मा, किशोर पंवार, श्याम पंचपुरी, नितेश चौहान, अंशुमान भंडारी, मनदीप भंडारी आदि मौजूद थे। मुख्यमंत्री करीब एक घंटे तक बदरीनाथ में रहने के बाद केदारनाथ के लिए रवाना हुए। ब्यूरो
मुख्यमंत्री सुबह साढ़े सात बजे हेलीकॉप्टर से बदरीनाथ पहुंचे। उन्होंने करीब पंद्रह मिनट तक बदरीनाथ की पूजा-अर्चना में भाग लिया। तीर्थयात्रियों और स्थानीय लोगों से मुलाकात में मुख्यमंत्री ने कहा कि केदारनाथ धाम पूरी तरह से आपदा से उबर चुका है। तीर्थयात्रियों की संख्या निरंतर बढ़ रही है। ऑलवेदर रोड परियोजना से आने वाले समय में चारधाम यात्रा और भी सुगम हो जाएगी। इस मौके पर श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती, नगर पंचायत अध्यक्ष अरविंद शर्मा, किशोर पंवार, श्याम पंचपुरी, नितेश चौहान, अंशुमान भंडारी, मनदीप भंडारी आदि मौजूद थे। मुख्यमंत्री करीब एक घंटे तक बदरीनाथ में रहने के बाद केदारनाथ के लिए रवाना हुए। ब्यूरो
विज्ञापन