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लोस अध्यक्ष ने तीर्थनगरी में मनाया 71वां जन्मदिन
Updated Fri, 13 Apr 2018 02:24 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला,मुनिकीरेती ।
लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने अपना 71वां जन्मदिन तीर्थनगरी में सादगी के साथ मनाया। जन्मदिन के इस मौके पर परमार्थ निकेतन आश्रम में 71 रुद्राक्ष के पौधे वितरित किए गए। परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती मुनि के सानिध्य में लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन का जन्मदिन बड़ी सादगी के साथ मनाया गया। इस मौके पर स्पीकर सुमित्रा महाजन ने कहा कि यह मेरे लिए यह बड़े सौभाग्य की बात है कि मुझे तीर्थनगरी में परमार्थ निकेतन घाट पर मां गंगा के तट पर जन्मदिन मनाने का अवसर मिला है।
इससे पहले लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन और साध्वी ऋतंभरा ने मां गंगा की पूजा अर्चना की और परमार्थ निकेतन में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण किया। तीर्थनगरी प्रवास के दूसरे दिन लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन व साध्वी ऋतंभरा ने सुबह मां गंगा की पूजा-अर्चना की। लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने कहा कि हम अपने बच्चों की भलाई के लिए जो कार्य करते हैं, वह हमें अन्य बच्चों के लिए भी करना चाहिए। इससे हरेक बच्चे को शिक्षित किया जा सकता है। हमें ऐसे बच्चों को अपनाने का प्रयास करना चाहिए, जो शिक्षा से वंचित हैं। इस मौके पर उन्होंने कथा आयोजकों को एक विद्यालय की आर्थिक सहायता के तौर पर चेक सौंपा।
परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती मुनि ने लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन से नारी सशक्तीकरण, गो संवर्धन और नदियों में गिरते नालों के बाबत खास तौर पर वार्ता की। उन्होंने कहा कि साध्वी ऋतंभरा ने युवा शक्ति को जगाने और भारतीय संस्कृति के प्रचार-प्रसार में अपना जीवन समर्पित कर देश का मान बढ़ाया है। इस दौरान साध्वी ऋतंभरा ने कहा कि विश्व भर से नारियों की सबसे अधिक प्रतिष्ठा भारत देश में है। उन्होंने कहा कि भारत नारी शक्तियों का स्रोत है।
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इस दौरान कथावाचक गोविंद देव गिरि महाराज ने कहा कि भागवत कथा का श्रवण देवलोक में दुर्लभ है। उन्होंने कहा कि तीर्थ व गंगा के तट पर कथा श्रवण का अवसर जीवन में कभी नहीं गंवाना चाहिए। ऐसे स्थानों पर भगवान की कथा श्रवण का अवसर भाग्यशाली लोगों को मिलता है। परमार्थ निकेतन आश्रम में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा व्यास गोविंद देव गिरि महाराज ने श्रवणकों को गजेंद्र मोक्ष, श्री वामन अवतार और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव प्रसंग की कथा सुनाई।
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लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने अपना 71वां जन्मदिन तीर्थनगरी में सादगी के साथ मनाया। जन्मदिन के इस मौके पर परमार्थ निकेतन आश्रम में 71 रुद्राक्ष के पौधे वितरित किए गए। परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती मुनि के सानिध्य में लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन का जन्मदिन बड़ी सादगी के साथ मनाया गया। इस मौके पर स्पीकर सुमित्रा महाजन ने कहा कि यह मेरे लिए यह बड़े सौभाग्य की बात है कि मुझे तीर्थनगरी में परमार्थ निकेतन घाट पर मां गंगा के तट पर जन्मदिन मनाने का अवसर मिला है।
इससे पहले लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन और साध्वी ऋतंभरा ने मां गंगा की पूजा अर्चना की और परमार्थ निकेतन में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा का श्रवण किया। तीर्थनगरी प्रवास के दूसरे दिन लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन व साध्वी ऋतंभरा ने सुबह मां गंगा की पूजा-अर्चना की। लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने कहा कि हम अपने बच्चों की भलाई के लिए जो कार्य करते हैं, वह हमें अन्य बच्चों के लिए भी करना चाहिए। इससे हरेक बच्चे को शिक्षित किया जा सकता है। हमें ऐसे बच्चों को अपनाने का प्रयास करना चाहिए, जो शिक्षा से वंचित हैं। इस मौके पर उन्होंने कथा आयोजकों को एक विद्यालय की आर्थिक सहायता के तौर पर चेक सौंपा।
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परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती मुनि ने लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन से नारी सशक्तीकरण, गो संवर्धन और नदियों में गिरते नालों के बाबत खास तौर पर वार्ता की। उन्होंने कहा कि साध्वी ऋतंभरा ने युवा शक्ति को जगाने और भारतीय संस्कृति के प्रचार-प्रसार में अपना जीवन समर्पित कर देश का मान बढ़ाया है। इस दौरान साध्वी ऋतंभरा ने कहा कि विश्व भर से नारियों की सबसे अधिक प्रतिष्ठा भारत देश में है। उन्होंने कहा कि भारत नारी शक्तियों का स्रोत है।
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इस दौरान कथावाचक गोविंद देव गिरि महाराज ने कहा कि भागवत कथा का श्रवण देवलोक में दुर्लभ है। उन्होंने कहा कि तीर्थ व गंगा के तट पर कथा श्रवण का अवसर जीवन में कभी नहीं गंवाना चाहिए। ऐसे स्थानों पर भगवान की कथा श्रवण का अवसर भाग्यशाली लोगों को मिलता है। परमार्थ निकेतन आश्रम में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन कथा व्यास गोविंद देव गिरि महाराज ने श्रवणकों को गजेंद्र मोक्ष, श्री वामन अवतार और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव प्रसंग की कथा सुनाई।