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पहाड़ी दरकने से आठ घंटे बंद रहा मोटर मार्ग
Updated Fri, 02 Mar 2018 01:56 AM IST
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ब्यूरो/अमर उजाला/चकराता।
पहाड़ी के दरकने से पुरोड़ी-रावना-डामठा मोटर मार्ग पर वाहनों की आवाजाही ठप हो गई। करीब आठ घंटे तक सड़क पर जाम की स्थिति बनी रही। स्थानीय लोगों ने बेलचा, फावड़ा और गेती से मलबा हटा यातायात बहाल कराया।
बीते बुधवार की रात किमी-24 के पास पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा टूट कर सड़क पर जा गिरा। जिससे सड़क पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से ठप हो गई। सुबह घण्ता, कोटवा, मैपावटा, कोल्हा गांव से आ रहे लोगों ने सड़क पर भारी मात्रा में मलबा पड़ा देखा। जिसके बाद उन्होंने इसकी जानकारी विभागीय अधिकारियों को दी। लेकिन कई घंटे बाद भी जब विभागीय अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे तो ग्रामीणों ने खुद ही मलबा हटाने की ठानी और बेलचा, फावड़ा और गेती लग गए सड़क पर आवाजाही बहाल करने के काम में। जिसके बाद 11 बजे सड़क पर वाहनों की आवाजाही बहाल हो सकी। लोनिवि चकराता के अधिशासी अभियंता बीडी भट्ट ने बताया कि मामले में जेई को निर्देशित किया गया था। लेकिन विभागीय कर्मियों के पहुंचने से पूर्व ही यातायात बहाल किया जा चुका था।
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पहाड़ी के दरकने से पुरोड़ी-रावना-डामठा मोटर मार्ग पर वाहनों की आवाजाही ठप हो गई। करीब आठ घंटे तक सड़क पर जाम की स्थिति बनी रही। स्थानीय लोगों ने बेलचा, फावड़ा और गेती से मलबा हटा यातायात बहाल कराया।
बीते बुधवार की रात किमी-24 के पास पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा टूट कर सड़क पर जा गिरा। जिससे सड़क पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से ठप हो गई। सुबह घण्ता, कोटवा, मैपावटा, कोल्हा गांव से आ रहे लोगों ने सड़क पर भारी मात्रा में मलबा पड़ा देखा। जिसके बाद उन्होंने इसकी जानकारी विभागीय अधिकारियों को दी। लेकिन कई घंटे बाद भी जब विभागीय अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे तो ग्रामीणों ने खुद ही मलबा हटाने की ठानी और बेलचा, फावड़ा और गेती लग गए सड़क पर आवाजाही बहाल करने के काम में। जिसके बाद 11 बजे सड़क पर वाहनों की आवाजाही बहाल हो सकी। लोनिवि चकराता के अधिशासी अभियंता बीडी भट्ट ने बताया कि मामले में जेई को निर्देशित किया गया था। लेकिन विभागीय कर्मियों के पहुंचने से पूर्व ही यातायात बहाल किया जा चुका था।
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