फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   देश में वाइल्ड लाइफ टू रज्म का लुफ्त उठाएंग पर्यटक, भारतीय वन्यजीव संस्थान ने तैयार की योजना

देश में वाइल्ड लाइफ टू रज्म का लुफ्त उठाएंग पर्यटक, भारतीय वन्यजीव संस्थान ने तैयार की योजना

Fri, 19 Apr 2019 01:47 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Fri, 19 Apr 2019 01:47 AM IST
विज्ञापन
देश में वाइल्ड लाइफ टू रज्म का लुफ्त उठाएंग पर्यटक, भारतीय वन्यजीव संस्थान ने तैयार की  योजना
ब्यूरो/अमर उजाला।
विज्ञापन

देहरादून। विदेशों की तर्ज पर अब भारत में भी ‘वाइल्ड लाइफ टूरिज्म’ को बढ़ावा देने की तैयारी है। भारतीय वन्यजीव संस्थान की ओर से तैयार किए गए नेशनल वाइल्ड लाइफ एक्शन प्लान (एनडब्ल्यूएपी) के तहत इसका मसौदा तैयार कर लिया गया है। इसे मसौदे को धरातल पर उतारा जाता है तो इससे न सिर्फ देश में वाइल्ड लाइफ टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
भारतीय वन्यजीव संस्थान के विशेषज्ञों के मुताबिक ‘वाइल्ड लाइफ टूरिज्म’ को लेकर जो मसौदा तैयार किया है उसके तहत सभी चिड़ियाघरों, सफारी पार्कों के अलावा टाइगर रिजर्व, संरक्षित वन क्षेत्रों में इकोटूरिज्म की संभावनाएं तलाशी जाएंगी। नीतियां बनाते समय इस बात का भी ख्याल रखना होगा कि वन्यजीवों के प्राकृतिक पर्यावास व जंगलाें को नुकसान न पहुुंचे। स्थानीय युवाओं का भी एक कैडर तैयार किया जाएगा। यह युवा ‘नेचर गाइड’ के तौर पर सहयोग करेंगे। देशभर में ‘वाइल्ड लाइफ टूरिज्म’ को बढ़ावा दिया जा सकें, इसके लिए सभी टाइगर रिजर्व व संरक्षित वन क्षेत्रों के लिए अलग अलग पर्यटन योजनाएं बनाई जाएंगी। देश-विदेश के पर्यटक ‘वाइल्ड लाइफ टूरिज्म’ के प्रति आकर्षित हो सके इसके लिए जलीय इलाकों में ‘एंगलिंग’ (मछलियों को पकड़ने व उन्हें छोड़ने का एक खेल) को बढ़ावा देने के साथ वाटर स्पोर्ट्स को भी बढ़ावा दिया जाएगा। पर्यटन स्थलों पर कूड़ा कचरा प्रबंधन के साथ ही यात्रियों व वाहनों की संख्या को लेकर भी नीतियां बनाई जाएंगी।
विज्ञापन


वाइल्ड लाइफ टूरिज्म के लिए खाका तैयार कर लिया है। नेशनल वाइल्ड लाइफ एक्शन प्लान के तहत प्राथमिकता वाली योजनाएं तय कर ली हैं। इन योजनाओं को धरातल पर उतारने के लिए केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, एनटीसीए, सेंट्रल जू अथारिटी, राज्यों के वन विभाग व पर्यटन विभागों के अधिकारी मिलकर काम करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

-डॉ. वीबी माथुर, निदेशक, भारतीय वन्यजीव संस्थान
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed