{"_id":"5a1bed454f1c1b69678be620","slug":"i-have-worked-on-different-releases-of-the-carrom-ball-says-ashwin","type":"story","status":"publish","title_hn":"वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने के बाद अश्विन ने बताया- किस बॉल पर कर रहे हैं सबसे ज्यादा मेहनत","category":{"title":"Cricket","title_hn":"क्रिकेट","slug":"cricket"}}
वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने के बाद अश्विन ने बताया- किस बॉल पर कर रहे हैं सबसे ज्यादा मेहनत
amarujala.com-presented by: विकास कुमार
Updated Mon, 27 Nov 2017 04:24 PM IST
विज्ञापन
अश्विन
- फोटो : twitter
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वर्तमान समय में टीम इंडिया के सबसे घातक ऑफस्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने नागपुर टेस्ट में जोरदार वापसी करते हुए चौथे दिन श्रीलंका के लहिरू गमागे को क्लीन बोल्ड करते ही एक वर्ल्ड रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
अश्विन टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 300 विकेट लेने वाले विश्व के पहले गेंदबाज बन गए हैं। टीम इंडिया के ऑफ स्पिनर ने अपने टेस्ट करियर के 54वें टेस्ट में यह रिकॉर्ड बनाया। अश्विन ने श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट में कुल 130 रन देकर 8 विकेट लिए। उनके इस बेहतरीन प्रदर्शन की मदद से टीम इंडिया ने श्रीलंका को एक पारी और 239 रन के विशाल अंतर से मात दी।
मैच खत्म होने के बाद अश्विन ने मैच प्रेजेंटेशन के दौरान कहा कि मैंने बीते 24 महीनों से कैरम बॉल फेंकनी कम कर दी है क्योंकि मैं इस वक्त एक नए एंगल से कैरम गेंद फेंकने पर मेहनत कर रहा हूं।
विज्ञापन
साथ ही उन्होंने अपनी तुलना महान गेंदबाजों से करने से मना करते हुए कहा कि मेरी तुलना किसी भी महान गेंदबाज से करना ठीक नहीं है क्योंकि वो वक्त अलग था और आज का वक्त अलग है। तब मिलने वाली सुविधाओं में और अब मिलने वाली सुविधाओं और तकनीक में जमीन-आसमान का फर्क है।
ये भी पढ़ेंः अश्विन एक कैलेंडर ईयर में यह कारनामा करने वाले टीम इंडिया के पहले गेंदबाज बने
उन्होंने कहा कि आज हमारे साथ ऐसे सपोर्ट स्टाफ रहते हैं जो हमें यह तक बताते हैं कि किस पिच पर किस स्पीड और किसी एंगल से गेंदबाजी करनी चाहिए, लेकिन उस समय ये तकनीक मौजूद नहीं थी, इसलिए मेरी तुलना करना ठीक नहीं है।
भारत और श्रीलंका का सीरीज का आखिरी और निर्णायक मैच दिल्ली के फिरोजशाह कोटला में 2 दिसंबर से खेला जाएगा। नागपुर की ही तरह कोटला भी स्पिनरों की मददगार पिच मानी जाती है, ऐसे में यह देखना रोचक होगा कि क्या अश्विन अपनी इस नई गेंद की झलक यहां दिखाते हैं या नहीं।
विज्ञापन
अश्विन टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 300 विकेट लेने वाले विश्व के पहले गेंदबाज बन गए हैं। टीम इंडिया के ऑफ स्पिनर ने अपने टेस्ट करियर के 54वें टेस्ट में यह रिकॉर्ड बनाया। अश्विन ने श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट में कुल 130 रन देकर 8 विकेट लिए। उनके इस बेहतरीन प्रदर्शन की मदद से टीम इंडिया ने श्रीलंका को एक पारी और 239 रन के विशाल अंतर से मात दी।
विज्ञापन
मैच खत्म होने के बाद अश्विन ने मैच प्रेजेंटेशन के दौरान कहा कि मैंने बीते 24 महीनों से कैरम बॉल फेंकनी कम कर दी है क्योंकि मैं इस वक्त एक नए एंगल से कैरम गेंद फेंकने पर मेहनत कर रहा हूं।
विज्ञापन
साथ ही उन्होंने अपनी तुलना महान गेंदबाजों से करने से मना करते हुए कहा कि मेरी तुलना किसी भी महान गेंदबाज से करना ठीक नहीं है क्योंकि वो वक्त अलग था और आज का वक्त अलग है। तब मिलने वाली सुविधाओं में और अब मिलने वाली सुविधाओं और तकनीक में जमीन-आसमान का फर्क है।
ये भी पढ़ेंः अश्विन एक कैलेंडर ईयर में यह कारनामा करने वाले टीम इंडिया के पहले गेंदबाज बने
उन्होंने कहा कि आज हमारे साथ ऐसे सपोर्ट स्टाफ रहते हैं जो हमें यह तक बताते हैं कि किस पिच पर किस स्पीड और किसी एंगल से गेंदबाजी करनी चाहिए, लेकिन उस समय ये तकनीक मौजूद नहीं थी, इसलिए मेरी तुलना करना ठीक नहीं है।
भारत और श्रीलंका का सीरीज का आखिरी और निर्णायक मैच दिल्ली के फिरोजशाह कोटला में 2 दिसंबर से खेला जाएगा। नागपुर की ही तरह कोटला भी स्पिनरों की मददगार पिच मानी जाती है, ऐसे में यह देखना रोचक होगा कि क्या अश्विन अपनी इस नई गेंद की झलक यहां दिखाते हैं या नहीं।