{"_id":"62cb9c7499716241d12c607a","slug":"ind-vs-eng-3rd-t20i-india-vs-england-match-analysis-in-hindi","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"IND vs ENG 3rd T20 Analysis: युवा गेंदबाजों ने जमकर रन लुटाए, बल्लेबाजी में अकेले लड़े सूर्या, रोहित-विराट फ्लॉप","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
IND vs ENG 3rd T20 Analysis: युवा गेंदबाजों ने जमकर रन लुटाए, बल्लेबाजी में अकेले लड़े सूर्या, रोहित-विराट फ्लॉप
Mon, 11 Jul 2022 09:15 AM IST
शक्तिराज सिंह
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नॉटिंघम
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नॉटिंघम
Published by: शक्तिराज सिंह
Updated Mon, 11 Jul 2022 09:15 AM IST
सार
इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी20 मैच में भारत के गेंदबाजों ने जमकर रन लुटाए। रवि बिश्नोई और हर्षल पटेल को छोड़ बाकी सभी गेंदबाजों का इकोनॉमी रेट 10 से ऊपर था। अंत में यही भारत की हार का सबसे बड़ा कारण रहा।
विज्ञापन
सूर्यकुमार यादव
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भारत और इंग्लैंड के बीच टी20 सीरीज का आखिरी मुकाबला इंग्लैंड ने 17 रन से अपने नाम किया। इस मैच में हार के साथ ही टीम इंडिया क्लीन स्वीप करने से चूक गई। इस सीरीज में सभी मैच पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम ने ही जीते हैं। पहले गेंदबाजी करते हुए भारतीय बल्लेबाजों ने जमकर रन लुटाए थे और इंग्लैंड ने भारत के सामने 216 रन का लक्ष्य रखा था। यहीं से इंग्लैंड की टीम मैच में आगे हो गई थी। इसके बाद भारत के सभी दिग्गज बल्लेबाज छोटे स्कोर पर आउट हो गए। अकेले सूर्यकुमार ने भारत को जीत दिलाने की कोशिश की, लेकिन किसी ने उनका साथ नहीं दिया और 19वें ओवर में सूर्यकुमार के आउट होने के साथ ही भारत की हार तय हो गई थी।
इंग्लैंड का नियमित कप्तान बनने के बाद जोस बटलर ने पहली बार अपनी टीम को जीत दिलाई है। हालांकि, बल्ले के साथ वो इस मैच में भी कुछ खास नहीं कर सके, लेकिन डेविड मलान के शानदार 77 रन और लियम लिविंगस्टोन की 42 रन की पारी ने इंग्लैंड का स्कोर 200 के पार पहुंचाया। गेंदबाजी में रीसी टॉप्ली, रिचर्ड ग्लीसन और क्रिस जॉर्डन ने शानदार प्रदर्शन किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
इंग्लैंड का नियमित कप्तान बनने के बाद जोस बटलर ने पहली बार अपनी टीम को जीत दिलाई है। हालांकि, बल्ले के साथ वो इस मैच में भी कुछ खास नहीं कर सके, लेकिन डेविड मलान के शानदार 77 रन और लियम लिविंगस्टोन की 42 रन की पारी ने इंग्लैंड का स्कोर 200 के पार पहुंचाया। गेंदबाजी में रीसी टॉप्ली, रिचर्ड ग्लीसन और क्रिस जॉर्डन ने शानदार प्रदर्शन किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
भारत बनाम इंग्लैंड
- फोटो : अमर उजाला
मैच के टर्निंग प्वाइंट
- भारत ने आक्रामक बल्लेबाजी कर रहे जोस बटलर को 18 रन के स्कोर पर आउट कर दिया था। 9.3 ओवर में 84 के स्कोर पर इंग्लैंड के तीन विकेट गिर चुके थे। ऐसे में लग रहा था कि भारतीय टीम छोटे स्कोर पर इंग्लैंड को रोक लेगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। डेविड मलान और लियम लिविंग्सटोन ने 84 रन की साझेदारी कर इंग्लैंड का स्कोर 168 तक पहुंचा दिया।
- रवि बिश्नोई ने 17वें ओवर में डेविड मलान और मोईन अली को आउट करके भारत की वापसी कराई। इस समय ऐसा लगा कि भारत मैच में वापसी कर लेगा, लेकिन हैरी ब्रूक और अंत में क्रिस जॉर्डन ने लिविंगस्टोन के साथ छोटी लेकिन ताबड़तोड़ साझेदारी कर इंग्लैंड को 215 के स्कोर तक पहुंचा दिया।
- इस सीरीज में भारतीय बल्लेबाज पहली बार पावरप्ले में फेल हुए। शुरुआती छह ओवर में टीम इंडिया ने 34 रन बनाए और तीन विकेट गंवा दिए। यहीं से भारत की हार लगभग तय लग रही थी।
- 216 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए 31 रन के स्कोर पर रोहित, विराट और पंत को गंवाने के बाद भारत की उम्मीदें खत्म हो चुकी थीं, लेकिन सूर्यकुमार यादव और श्रेयस अय्यर ने शतकीय साझेदारी कर भारत को मैच में वापस ला दिया है। दोनों ने चौथे विकेट के लिए 119 रन जोड़े।
- एक समय लग रहा था कि सूर्या और श्रेयस की जोड़ी भारत को मैच जिता देगी, लेकिन इसी समय श्रेयस आउट हो गए। उनके बाद आए दिनेश कार्तिक और जडेजा भी दहाई का आंकड़ा नहीं छू पाए।
- 19वें ओवर में मोईन अली गेंदबाजी के लिए आए तो सूर्यकुमार ने शुरुआती चार गेंदों में 16 रन बटोर लिए थे, लेकिन पांचवीं गेंद पर वो कैच आउट हो गए। यहीं से भारत की हार तय हो गई। सूर्यकुमार क्रीज पर रहते तो आखिरी ओवर में आसानी से 20 रन बटोर सकते थे, क्योंकि धीमी ओवर गति के कारण इंग्लैंड को आखिरी ओवर में सिर्फ चार फील्डर 30 गज के दायरे के बाहर रखने की अनुमति मिली थी।
जोस बटलर
- फोटो : सोशल मीडिया
दोनों कप्तानों का प्रदर्शन
इस मैच में रोहित शर्मा और जोस बटलर बल्ले से कुछ खास नहीं कर पाए। हालांकि, बटलर ने नौ गेंद में 18 रन बनाकर अपनी टीम को अच्छी शुरुआत दी। वहीं, रोहित ने 12 गेंद में 11 रन बनाकर बाकी के बल्लेबाजों का काम और मुश्किल किया। कप्तानी में रोहित के पास करने के लिए ज्यादा कुछ नहीं था। सभी युवा गेंदबाज जमकर रन लुटा रहे थे और उनके पास गेंदबाजी के सिर्फ पांच ही विकल्प थे। ऐसे में रोहित रवि बिश्नोई और हर्षल पटेल का अच्छा इस्तेमाल किया। वहीं, जोस बटलर ने 19वां ओवर मोईन अली से कराया और वो सूर्यकुमार का विकेट ले गए। यहीं से इंग्लैंड मैच जीत गया। अगर सूर्यकुमार इस ओवर में 20-25 रन बटोर लेते तो नतीजा कुछ और बी हो सकता था और बटलर की कप्तानी पर सवाल उठाए जाते।
इस मैच में रोहित शर्मा और जोस बटलर बल्ले से कुछ खास नहीं कर पाए। हालांकि, बटलर ने नौ गेंद में 18 रन बनाकर अपनी टीम को अच्छी शुरुआत दी। वहीं, रोहित ने 12 गेंद में 11 रन बनाकर बाकी के बल्लेबाजों का काम और मुश्किल किया। कप्तानी में रोहित के पास करने के लिए ज्यादा कुछ नहीं था। सभी युवा गेंदबाज जमकर रन लुटा रहे थे और उनके पास गेंदबाजी के सिर्फ पांच ही विकल्प थे। ऐसे में रोहित रवि बिश्नोई और हर्षल पटेल का अच्छा इस्तेमाल किया। वहीं, जोस बटलर ने 19वां ओवर मोईन अली से कराया और वो सूर्यकुमार का विकेट ले गए। यहीं से इंग्लैंड मैच जीत गया। अगर सूर्यकुमार इस ओवर में 20-25 रन बटोर लेते तो नतीजा कुछ और बी हो सकता था और बटलर की कप्तानी पर सवाल उठाए जाते।
सूर्यकुमार यादव
- फोटो : सोशल मीडिया
भारत के लिए कैसा रहा मैच
सकारात्मक पहलूः गेंदबाजी में रवि विश्नोई और हर्षल पटेल ने अच्छा प्रदर्शन किया। दोनों ने रन रोकने के साथ ही विकेट भी निकाले। शुरुआती ओवरों में आवेश खान ने भी शानदार गेंदबाजी और रन भी बहुत कंजूसी से लुटाए। बल्लेबाजी में सूर्यकुमार यादव ने शानदार शतक लगाया। उनकी 117 रन की पारी भारत के लिए सबसे सुखद चीज रही। अब मध्यक्रम में उनकी जगह पक्की हो चुकी है।
नकारात्मक पहलूः टीम इंडिया इस मैच में खिलाड़ियों को परखने के लिए उतरी थी और युवा गेंदबाज इस टेस्ट में पूरी तरह फेल रहे। उमरान मलिक ने चार ओवर में 56 रन लुटाए। वहीं, आवेश अंतिम ओवरों में महंगे साबित हुए और 43 रन खर्च कर दिए। जडेजा ने भी 45 रन दिए। पिछले कुछ महीनों में जडेजा ने बल्ले के साथ कमाल किया है, लेकिन एशिया के बाहर उनकी गेंदबाजी बहुत साधारण रही है। यह भारत के लिए चिंता का विषय है। बल्लेबाजी में रोहित, विराट और पंत जैसे अहम खिलाड़ी फेल रहे। फिनिशर कार्तिक और जडेजा भी सूर्यकुमार का साथ नहीं दे पाए। इसी वजह से भारत मैच हार गया।
सकारात्मक पहलूः गेंदबाजी में रवि विश्नोई और हर्षल पटेल ने अच्छा प्रदर्शन किया। दोनों ने रन रोकने के साथ ही विकेट भी निकाले। शुरुआती ओवरों में आवेश खान ने भी शानदार गेंदबाजी और रन भी बहुत कंजूसी से लुटाए। बल्लेबाजी में सूर्यकुमार यादव ने शानदार शतक लगाया। उनकी 117 रन की पारी भारत के लिए सबसे सुखद चीज रही। अब मध्यक्रम में उनकी जगह पक्की हो चुकी है।
नकारात्मक पहलूः टीम इंडिया इस मैच में खिलाड़ियों को परखने के लिए उतरी थी और युवा गेंदबाज इस टेस्ट में पूरी तरह फेल रहे। उमरान मलिक ने चार ओवर में 56 रन लुटाए। वहीं, आवेश अंतिम ओवरों में महंगे साबित हुए और 43 रन खर्च कर दिए। जडेजा ने भी 45 रन दिए। पिछले कुछ महीनों में जडेजा ने बल्ले के साथ कमाल किया है, लेकिन एशिया के बाहर उनकी गेंदबाजी बहुत साधारण रही है। यह भारत के लिए चिंता का विषय है। बल्लेबाजी में रोहित, विराट और पंत जैसे अहम खिलाड़ी फेल रहे। फिनिशर कार्तिक और जडेजा भी सूर्यकुमार का साथ नहीं दे पाए। इसी वजह से भारत मैच हार गया।
लियाम लिविंगस्टोन और डेविड मलान
- फोटो : सोशल मीडिया
इंग्लैंड के लिए कैसा रहा मैच
सकारात्मक पहलूः बल्लेबाजी में जोस बटलर ने तेज शुरुआत की और डेविड मलान ने 39 गेंद पर 77 रन की पारी खेली। लिविंगस्टोन ने नाबाद 42 रन बनाए। अंत में हैरी ब्रूक ने उपयोगी 19 और क्रिस जॉर्डन ने 11 रन बनाए। टीम 215 रन बनाने में कामयाब रही और मैच भी जीता। गेंदबाजी में रीसी टॉप्ली, रिचर्ड ग्लीसन और क्रिस जॉर्डन ने कमाल किया। तीनों ने छोटे मैदान पर कम रन दिए और मिलकर छह विकेट निकाले। डेविड विली ने भी दो अहम विकेट लिए।
नकारात्मक पहलूः जेसन रॉय ने 26 गेंद में सिर्फ 27 रन बनाए। उनकी खराब फॉर्म चिंता का विषय बनी हुई है। कप्तान बटलर और साल्ट भी बड़ी पारी नहीं खेल पाए। मोईन अली पहली ही गेंद पर आउट हो गए। इंग्लैंड के पांचवें गेंदबाज के रूप में अली और लिविंगस्टोन ने मिलकर चार ओवर में 67 रन दिए और सिर्फ एक विकेट हासिल किया। डेविड विली ने भी 40 रन लुटाए। स्पिन गेंदबाजी इंग्लैंड के लिए चिंता का विषय रहेगी।
सकारात्मक पहलूः बल्लेबाजी में जोस बटलर ने तेज शुरुआत की और डेविड मलान ने 39 गेंद पर 77 रन की पारी खेली। लिविंगस्टोन ने नाबाद 42 रन बनाए। अंत में हैरी ब्रूक ने उपयोगी 19 और क्रिस जॉर्डन ने 11 रन बनाए। टीम 215 रन बनाने में कामयाब रही और मैच भी जीता। गेंदबाजी में रीसी टॉप्ली, रिचर्ड ग्लीसन और क्रिस जॉर्डन ने कमाल किया। तीनों ने छोटे मैदान पर कम रन दिए और मिलकर छह विकेट निकाले। डेविड विली ने भी दो अहम विकेट लिए।
नकारात्मक पहलूः जेसन रॉय ने 26 गेंद में सिर्फ 27 रन बनाए। उनकी खराब फॉर्म चिंता का विषय बनी हुई है। कप्तान बटलर और साल्ट भी बड़ी पारी नहीं खेल पाए। मोईन अली पहली ही गेंद पर आउट हो गए। इंग्लैंड के पांचवें गेंदबाज के रूप में अली और लिविंगस्टोन ने मिलकर चार ओवर में 67 रन दिए और सिर्फ एक विकेट हासिल किया। डेविड विली ने भी 40 रन लुटाए। स्पिन गेंदबाजी इंग्लैंड के लिए चिंता का विषय रहेगी।