टीम इंडिया की एक और पड़ोसी टीम वनडे रैंकिंग के टॉप 10 में
2015 तक वनडे क्रिकेट में भारत के साथ-साथ उसके 3 अन्य पड़ोसी टीमें वनडे रैंकिंग में शीर्ष 10 में शामिल थी लेकिन इस लिस्ट में एक और पड़ोसी टीम शामिल हो गई है।
हम यहां जिस नई टीम की बात कर रहे हैं उस टीम का नाम है अफगानिस्तान। अफगानिस्तान आईसीसी की वनडे रैंकिंग की शीर्ष 10 में शामिल होने वाली भारत की चौथी पड़ोसी टीम बन गई है। वह पहली बार वनडे की शीर्ष 10 टीम में शामिल हुई है। इससे पहले इस रैंकिंग में शीर्ष 10 में भारतीय उपमहाद्वीप से भारत समेत 4 टीमें आती थीं लेकिन अब कुनबा बढ़ते हुए 5 तक पहुंच गया है।
ऐसा पहली बार हुआ है कि भारतीय उपमहाद्वीप से 5 टीमें वनडे की 10 शीर्ष टीमों में शामिल हुई हैं। यहां तक पहुंचने के लिए अफगान टीम ने लगातार शानदार प्रदर्शन किया है। अफगानिस्तान ने 5 मैचों की वनडे सीरीज के अंतिम मैच में अंत तक चले संघर्षपूर्ण मुकाबले में एशियाई टीम ने जिम्बाब्वे ने 2 गेंद शेष रहते 2 विकेट से हरा दिया। इसके साथ ही अफगानिस्तान ने यह सीरीज 3-2 से जीत ली।
एक साल टीम में लौटा और बन गया टीम का हीरो
शारजाह में खेले गए सीरीज के अंतिम मैच से पहले अफगानिस्तान और जिम्बाब्वे 2-2 से बराबरी पर चल रही थी ऐसे में अंतिम मैच दोनों के लिए निर्णायक था जिसमें अफगान टीम ने बाजी मार ली।
पहले बल्लेबाजी करते हुए जिम्बाब्वे की पूरी टीम हैमिल्टन मास्कजदा (110) के चौथे शानदार शतक के बावजूद 50वें ओवर में 248 रन बनातक आउट हो गई। हैमिल्टन ने 111 गेंदों में 9 चौके और 4 छक्के की मदद से 110 रन बनाए। जिसके जवाब में अफगानिस्तान सधी शुरुआत के बाद लड़खड़ा गई और 49 रन पर पहला विकेट गंवाने के बाद 66 रन तक 3 विकेट गिर गए।
लेकिन सातवें नंबर पर बल्लेबाजी करने आए गुलबादिन नाइब (नाबाद 82) ने अंतिम ओवरों में विस्फोटक बल्लेबाजी करते हुए 68 गेंदों में 3 चौके और 6 छक्के के साथ टीम को 2 गेंद शेष रहते जीत दिला दी। नाइब ने इस मैच से पहले अपना अंतिम वनडे पिछले साल फरवरी में खेला था और करीब एक साल बाद टीम में जोरदार वापसी करते हुए टीम की ऐतिहासिक जीत के नायक ही बन गए। अफगानिस्तान ने 49.4 ओवर में 8 विकेट पर 254 रन बनाए।
सीरीज के पहले 2 मैच अफगानिस्तान ने जीते थे लेकिन इसके बाद दोनों मैच जीतकर जिम्बाब्वे ने सीरीज को बराबरी पर ला दिया।