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सुकमा: नक्सल प्रभावित इलाके में बदलाव की बयार, हिड़मा के गढ़ पुवर्ती में निरीक्षण करने पहुंचे कलेक्टर-एसपी
Mon, 11 Aug 2025 05:40 PM IST
Digvijay Singh
अमर उजाला नेटवर्क, सुकमा
अमर उजाला नेटवर्क, सुकमा
Published by: Digvijay Singh
Updated Mon, 11 Aug 2025 05:40 PM IST
सार
कभी नक्सली बटालियन हेड हिड़मा के गढ़ के रूप में कुख्यात पुवर्ती गांव आज विकास की राह पर कदम बढ़ा रहा है। इसी बदलाव का गवाह बनने सोमवार को सुकमा कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव, पुलिस अधीक्षक किरण चव्हाण और डीएफओ अक्षय दिनकर भोसले पुवर्ती पहुंचे।
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निरीक्षण करने पहुंचे कलेक्टर-एसपी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कभी नक्सली बटालियन हेड हिड़मा के गढ़ के रूप में कुख्यात पुवर्ती गांव आज विकास की राह पर कदम बढ़ा रहा है। इसी बदलाव का गवाह बनने सोमवार को सुकमा कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव, पुलिस अधीक्षक किरण चव्हाण और डीएफओ अक्षय दिनकर भोसले पुवर्ती पहुंचे। अधिकारियों ने यहां का दौरा कर विकास कार्यों की समीक्षा की और ग्रामीणों से सीधा संवाद भी किया।
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पुवर्ती पहुंचकर तीनों अधिकारियों ने सुकमा जिले की शान बन चुके ऐतिहासिक पुवर्ती पुल का निरीक्षण किया। यह पुल अब न केवल पुवर्ती बल्कि आसपास के कई गांवों को जिला मुख्यालय से जोड़ने का अहम जरिया बन गया है। पहले जिस इलाके में कदम रखना भी मुश्किल था, वहां आज यातायात और कारोबार सुचारु रूप से हो रहा है।
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अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और विकास की जरूरतों को समझा। कलेक्टर ने कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ हर घर तक पहुंचे, यह प्रशासन की प्राथमिकता है। पुलिस अधीक्षक ने ग्रामीणों को सुरक्षा और सहयोग का भरोसा दिलाया, जबकि डीएफओ ने जंगल आधारित रोजगार और पर्यावरण संरक्षण के नए अवसरों की जानकारी दी।
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पुवर्ती, जो कभी नक्सली हिंसा और भय के कारण बाहरी दुनिया से कट गया था, अब बदलाव का प्रतीक बन रहा है। नक्सलियों के खौफ की पहचान को पीछे छोड़ते हुए गांव अब मुख्यधारा से जुड़ चुका है। विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोज़गार के नए रास्ते खुल रहे हैं, जिससे पुवर्ती और आसपास के इलाकों में स्थायी शांति और समृद्धि की उम्मीद जग चुकी है।