भड़काऊ टिप्पणी: निशा जिंदल नाम से फेसबुक चलाने वाला निकला रवि, गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ पुलिस को निशा जिंदल नाम की एक लड़की की तलाश थी जो फेसबुक पर भड़काऊ टिप्पणियां करती है। हालांकि सभी उस समय हैरान रह गए जब उन्हें पता चला कि एक आदमी लड़की के नाम से फेसबुक अकाउंट चला रहा है। आरोपी पिछले 11 सालों से स्नातक इंजीनियरिंग परीक्षा में फेल हो रहा है।
पुलिस का कहना है कि 31 साल के आरोपी का नाम रवि पुजार है और वह फर्जी आईडी के जरिए सांप्रदायिक संदेश पोस्ट करता रहता है। 2012 से वह निशा जिंदल और पाकिस्तानी अभिनेत्री मिराहा पाशा के नाम से फर्जी फेसबुक आईडी का संचालन कर रहा है। निशा के फेसबुक पर 10 हजार फॉलोवर्स हैं। उसकी सच्चाई जानकर सभी चौंक गए हैं।
पुलिस ने उसकी फोटो को कस्टडी में लेकर सोशल मीडिया पर निशा जिंदल की फर्जी आईडी के साथ पोस्ट करते हुए लिखा, 'मैं निशा जिंदल हूं और मैं पुलिस हिरासत में हूं।' यह संदेश वायरल हो गया है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ट्विटर पर पुलिस की सराहना करते हुए लिखा, 'किसी भी धोखे को बख्शा नहीं जाएगा। आइये उन सभी तत्वों का पर्दाफाश करते हैं जो लोगों को गुमराह करना चाहते हैं। रायपुर पुलिस ने अच्छा काम किया।'
No fraud will be spared. Let us reveal all those element who wish to mislead.
— Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) April 19, 2020
Good job @RaipurPoliceCG https://t.co/LYqCes5Iel
रायपुर के एसएसपी आरिफ एच शेख ने कहा कि रवि 2009 से आईटी इंजीनियरिंग का छात्र है लेकिन वह आज तक उसमें पास नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर आरोपी खुद को अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष, विश्व स्वास्थ्य संगठन और विश्व व्यापार संगठन का सदस्य बताता है।
पुलिस ने उसपर तब कार्रवाई की जब उन्हें शिकायत मिली की कोई फेसबुक पर भड़काऊ, सांप्रदायिक टिप्पणी कर रहा है। इसके बाद साइबर सेल की टीम को उसका पता लगाने और संदिग्ध को गिरफ्तार करने का कार्य मिला। पुलिस ने रायपुर के कबीर नगर से उसे पकड़ लिया।
वह उस समय आश्चर्यचकित रह गया जब शनिवार को उसे गिरफ्तार करने के लिए पुलिस टीम पहुंची। पुलिस ने उसका फोन और लैपटॉप जब्त कर लिया है। उसके खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 153ए और 295ए, सूचना प्रौद्योगिकी की धारा 67 के तहत मामला दर्ज किया है।