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नहीं निकल रही लागत: रामानुजगंज बाजार में किसानों ने फेंके टमाटर, तीन रुपये किलो का मिल रहा रेट
Thu, 12 Oct 2023 01:18 PM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, बलरामपुर, छत्तीसगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, बलरामपुर, छत्तीसगढ़
Published by: श्याम जी.
Updated Thu, 12 Oct 2023 01:18 PM IST
सार
टमाटर का उचित दाम न मिलने पर परेशान और हताश किसानों में बाजार में ही टमाटरों को फेंक दिया। किसानों का कहना है कि उनकी दाम इतने कम मिल रहे हैं कि उनकी लागत भी नहीं निकल पा रही है।
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बाजार मेें किसानों ने फेंके टमाटर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बलरामपुर जिले की शहर नगर पंचायत रामानुजगंज में दो महीने पहले टमाटर का रेट ढाई सौ से तीन सौ रुपय किलो तक पहुंच गया था। वहीं, पिछले कुछ दिनों से लगातार टमाटर के रेट में गिरावट आ रही थी। आज स्थिति ऐसी हो गई कि रामानुजगंज के थोक सब्जी बाजार में टमाटर का थोक रेट तीन रुपये किलो हो गया है। किसानों ने इससे हताश और निराश होकर टमाटर को बीच बाजार में फेंक दिया।
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किसान मुकेश दास और सूरज धारकर ने बताया कि उन्होंने टमाटर की खेती करने में जितनी लागत लगाई थी। उन्हें उसका 20 प्रतिशत भी नहीं मिल रहा है। टमाटर तोड़ने में जितना खर्चा आया है, उसका भाव भी न मिलने से परेशान और निराश हैं। इसीलिए उन्होंने टमाटर को बीच रास्ते में फेंक दिया। क्षेत्र के दर्जनों गांव के सैकड़ों किसानों के द्वारा टमाटर का उत्पादन किया गया है, लेकिन लगातार टमाटर का मूल्य जहां दो अंको में आ गया था वहीं कुछ दिन पहले से एक अंक में आ गया है।
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स्थिति ऐसी हो गई कि आज थोक सब्जी बाजार मे चार रुपये किलो टमाटर बिक रहा था, जिसमें एक रूपये किलो कमीशन में चला जाता है। इस प्रकार किसान को मात्र तीन रुपये किलो का ही मूल्य मिला। ऐसे में किसानों की हताशा और निराशा देखी सकती थी। कई किसान तो टमाटर को ऐसे ही छोड़कर चल दिए। वहीं, मुकेश दास और सूरज धारकर ने बीच बाजरा में ही टमाटर फेंक दिए।
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