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कैनियन पारवो वायरस: तेजी से फैल रहा संक्रमण, लगातार कुत्तों को ही रही मौतें; अस्पताल में नहीं मिल रहा इलाज
Thu, 06 Mar 2025 12:37 PM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा
अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा
Published by: श्याम जी.
Updated Thu, 06 Mar 2025 12:37 PM IST
सार
कोरबा जिले में कैनियन पारवो वायरस ने भी अपने पैर पसार लिए हैं। इस वायरस से लगातार कुत्ते संक्रमित हो रहे हैं और उनकी मौत हो रही है। वहीं, वेटनरी अस्पताल में डॉक्टरों की लापरवाही देखने को मिल रही है।
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डॉग
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
कैनियन पारवो वायरस ने दूसरे क्षेत्रों की तरह कोरबा जिले में भी अपने पैर पसार लिए हैं। लगातार इस वजह से कुत्ते संक्रमित होने के साथ मौत के मुंह में जा रहे हैं। विभिन्न क्षेत्र से इस प्रकार की खबरें लगातार प्राप्त हो रही हैं। कुत्ता पालने वाले लोग ऐसी घटनाओं से चिंतित हैं और परेशान भी।
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रामनगर इलाके में वेटनरी अस्पताल संचालित हो रहा है, लेकिन समस्या इस बात की है कि इसके स्तर से संबंधित लोगों को जरूरी सहायता नहीं मिल पा रही है डॉक्टर चंद्रा को यहां की जिम्मेदारी दी गई है, जो समय पर नहीं आते हैं। उनके कामकाज के रवैया पर काफी लोगों को आपत्ति है। हाल में ही कुत्तों में नए वायरस और इस वजह से हो रही मौत को लेकर जब कुछ लोगों ने अस्पताल का जायजा लिया तो मालूम चला कि बहुत सारी दवाएं एक्सपायरी हो गई हैं और उन्हें वहां रखा गया है।
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लोगों का आरोप है कि सही समय पर इनकी उपयोगिता सुनिश्चित नहीं होती है, इसलिए इनका बुरा हाल हो गया है। इस मामले को लेकर आए दिन वेटनरी हॉस्पिटल में विवाद की स्थिति निर्मित हो रही है। अब तो मांग उठने लगी है कि डॉक्टर चंद्रा को दर्री स्याहीमुड़ी रामनगर स्थित अस्पताल से हटाने के साथ कहीं और भेज दिया जाए।
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स्थानीय नीरज कुमार ने बताया कि उसके घर से महज 100 मीटर की दूरी पर पशु चिकित्सालय है, लेकिन डॉक्टर नहीं बैठते हैं और न ही किसी तरह की सुविधा उपलब्ध है। केवल औपचारिकता ही निभाई जा रही है, जिस तरह से जंगली जीव-जंतु को लेकर बीमारी फैली है, उसे लेकर डॉक्टर गंभीर नहीं हैं। अगर डॉक्टर इलाज करते भी हैं तो दवा देने के नाम पर वसूली भी की जाती है।
लोगों की मानें तो पशु चिकित्सालय में कई एक्सपायरी दवाई मिली हैं। इसके अलावा अव्यवस्था का आलम देखा गया, जहां डॉक्टर ने उनसे सवाल पूछे जाने पर जवाब देने से इनकार किया और कई सवाल जवाब सामने करने लगे। वहीं, कुछ समय के लिए विवाद की स्थिति निर्मित हो गई। बताया जा रहा है कि इस इलाके में जो बीमारी फैली है, कुत्तों में उसे लेकर लोग डरे हुए हैं कि कहीं इंसानों पर भी इसका असर न पड़े।