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छत्तीसगढ़: कुष्ठ रोगियों की सेवा के लिए पद्मश्री से सम्मानित समाजसेवी दामोदर गणेश बापट का निधन
Sat, 17 Aug 2019 10:33 AM IST
Trainee Trainee
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिलासपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बिलासपुर
Published by: Trainee Trainee
Updated Sat, 17 Aug 2019 10:33 AM IST
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दामोदर गणेश बापट
- फोटो : PIB
कुष्ठ रोगियों की सेवा करने के लिए पद्मश्री से सम्मानित समाजसेवी दामोदर गणेश बापट का शुक्रवार देर रात निधन हो गया। गणेश बापट लंबे समय से बीमार चल रहे थे। 87 वर्षीय दामोदर गणेश बापट ने रात 2.37 मिनट पर बिलासपुर के अपोलो अस्पताल में आखिरी सांस ली।
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Chhattisgarh: Padma Shri awardee Damodar Ganesh Bapat passed away at a hospital in Bilaspur, last night. (file pic) pic.twitter.com/O3oMgNXvOR
— ANI (@ANI) August 17, 2019विज्ञापन
कुष्ठ रोगियों के लिए अपनी पूरी जिंदगी समर्पित करने वाले बापट ने असहाय और मरीजों के लिए कात्रेनगर चांपा के सोंठी आश्रम का निर्माण किया था, जहां उनका पार्थिव शरीर अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा।
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राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पिछले साल नई दिल्ली के राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में समाज सेवी गणेश बापट को पद्मश्री से सम्मानित किया था। चांपा के सोंठी आश्रम में भारतीय कुष्ठ निवारक संघ द्वारा संचालित आश्रम में कुष्ठ पीड़ितों की सेवा के लिए उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन समर्पित कर दिया था।
कुष्ठ आश्रम की स्थापना सन 1962 में कुष्ठ पीड़ित सदाशिवराव गोविंदराव कात्रे द्वारा की गई थी, जहां वनवासी कल्याण आश्रम के कार्यकर्ता श्री बापट सन 1972 में आश्रम पहुंचे।
गणेश बापट ने कुष्ठ पीड़ितों के इलाज और उनके सामाजिक-आर्थिक पुनर्वास के लिए सेवा के अनेक योजनाओं की शुरूआत की। प्रमुख रूप से उन्होंने कुष्ठ रोग के प्रति लोगों को जागृत करने के अलावा कुष्ठ रोगियों की सेवा व आर्थिक व्यवस्था करने का कार्य किया है।