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छत्तीसगढ़ आप का हल्लाबोल: शिक्षा मंत्री के आवास का किया घेराव, पुलिस और कार्यकर्ताओं में जमकर हुई झूमाझटकी
Thu, 13 Jul 2023 08:13 PM IST
ललित कुमार सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर
अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर
Published by: ललित कुमार सिंह
Updated Thu, 13 Jul 2023 08:13 PM IST
सार
आम आदमी पार्टी ने छत्तीसगढ़ में व्यापम के जरिए शिक्षक भर्ती में धांधली और प्रदेश की बदतर शिक्षा व्यवस्था को लेकर आज गुरुवार को शिक्षा मंत्री प्रेमसाय के खिलाफ प्रदर्शन किया। उनके आवास का घेराव किया।
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आम आदमी पार्टी ने धरना प्रदर्शन किया
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
आम आदमी पार्टी ने छत्तीसगढ़ में व्यापम के जरिए शिक्षक भर्ती में धांधली और प्रदेश की बदतर शिक्षा व्यवस्था को लेकर आज गुरुवार को शिक्षा मंत्री प्रेमसाय के खिलाफ प्रदर्शन किया। उनके आवास का घेराव किया। प्रदर्शन में प्रदेशभर से हजारों पदाधिकारी-कार्यकर्ता राजधानी रायपुर पहुंचकर भूपेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों में झूमाझटकी भी हुई। इस मौके "आप" प्रदेश अध्यक्ष कोमल हुपेंडी ने भूपेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर प्रदेश सरकार नहीं जागी तो पूरे प्रदेश में आंदोलन करेंगे।
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हुपेंडी ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को चेतावनी देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ के लोग अब चुप बैठने वाले नहीं हैं। हम सब छत्तीसगढ़ के उन युवाओं के उम्मीदों के विश्वास पर खरे उतरेंगे, जो इस परीक्षा में हुई अनियमितता के शिकार हुए हैं। आम आदमी पार्टी प्रदेश के नौजवानों और बेरोजगारों के लिए लड़ती रहेगी। उन्होंने कहा कि व्यापम में जो घोटाला हुआ है, उसकी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए। अन्यथा "आप" के कार्यकर्ता प्रदेशभर में जंगी आंदोलन करेंगे।
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'बिना परीक्षा दिए 99 उम्मीदवार कैसे पास हुए'
कोमल हुपेंडी ने कहा कि छत्तीसगढ़ मैं व्यापम परीक्षाओं में हुई अनियमितताओं को लेकर परीक्षा मंडल ने करते हुए कहा कि परीक्षा परिणाम में किसी प्रकार की त्रुटि नहीं हुई है। अब ऐसे में सवाल खड़ा होता है कि बिना परीक्षा में सम्मिलित हुए 99 उम्मीदवार कैसे पास हो गए। आप गड़बड़ी का अंदाजा इस बात से लगा सकते हैं कि परीक्षा में ऐसे कई सवाल भी पूछे गए, जिनके उत्तर अलग-अलग विकल्पों को माना गया है। उन्होंने कहा कि सहायक शिक्षक भर्ती में परीक्षा में बैठने वालों की संख्या से मेरिट सूची में शामिल अभ्यर्थियों की संख्या में इतना अंतर कैसे हो सकता है। उन लोगों को भी पास कर दिया गया है जो परीक्षा में शामिल ही नहीं हुए थे।
'युवाओं के भविष्य से खेल रही सरकार'
कोमल हुपेंडी ने कहा कि जबकि परीक्षा में कुल 183281 लोगों ने आवेदन दिया था, जिसमें से 37105 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा में 146176 उपस्थित रहे। मेरिट लिस्ट में 146275 लोगों के नाम हैं। यानी कि परीक्षा में न बैठने वालों लोगों को भी पास कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि यह कोई गड़बड़ी नहीं है बल्कि यह भारी भ्रष्टाचार की श्रेणी में आता है। प्रदेश के युवाओं के साथ उनके भविष्य के साथ भूपेश सरकार खिलवाड़ कर रही है।