CG: इन्द्रावती तट पर आपदा प्रबंधन का मॉकड्रिल, हेलिकॉप्टर से गंभीर मरीजों के रेस्क्यू का प्रदर्शन
बीजापुर के भोपालपटनम स्थित इन्द्रावती नदी तट पर आपदा प्रबंधन का मॉकड्रिल हुआ। बाढ़ की स्थिति में मलबे से मरीजों को निकालने और गंभीर मरीजों को हेलिकॉप्टर से उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सुविधा तक पहुंचाने का प्रदर्शन किया गया।
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कलेक्टर विश्वदीप के मार्गदर्शन में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) द्वारा संचालित आपदा प्रबंधन मॉकड्रिल का आयोजन गुरुवार को भोपालपटनम के इन्द्रावती नदी तट पर किया गया। अभ्यास में बाढ़ जैसी आपदा के दौरान राहत एवं बचाव कार्य, विभागीय समन्वय और आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई का प्रदर्शन किया गया।
मॉकड्रिल के दौरान परिकल्पित स्थिति में बाढ़ के कारण एक अस्पताल की दीवार धंसने से कुछ मरीज मलबे में दब गए। सूचना मिलते ही राहत एवं बचाव दल मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। दल ने मलबे में दबे मरीजों को सुरक्षित बाहर निकालने की प्रक्रिया का प्रदर्शन किया।
बाढ़ के कारण सड़क मार्ग बाधित होने पर गंभीर मरीजों को समय पर बेहतर उपचार उपलब्ध कराने की चुनौती को ध्यान में रखते हुए हेलिकॉप्टर से मरीजों के रेस्क्यू का विशेष डेमोंस्ट्रेशन किया गया। मरीजों को घटनास्थल से सुरक्षित निकालकर हेलिकॉप्टर तक पहुंचाने और हवाई मार्ग से उच्च स्तरीय स्वास्थ्य सुविधा तक भेजने की प्रक्रिया चरणबद्ध तरीके से प्रदर्शित की गई।
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डेमोंस्ट्रेशन के दौरान आईपीएस रविन्द्र मीणा और जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मुकेश देवांगन ने आवश्यक मार्गदर्शन दिया। राजस्व, पुलिस, स्वास्थ्य, नगर सेना, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, डीडीआरएफ और फायर ब्रिगेड सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारियों और बचाव दलों ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
मॉकड्रिल का उद्देश्य वास्तविक आपदा के दौरान आने वाली संभावित चुनौतियों का पूर्वाभ्यास कर प्रशासन और बचाव एजेंसियों की तैयारियों को परखना रहा। अभ्यास में त्वरित निर्णय, प्रभावी संचार, विभागीय समन्वय और उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग पर विशेष जोर दिया गया। इससे जिले की आपदा प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत करने और आपात परिस्थितियों में जनसुरक्षा सुनिश्चित करने की तैयारियों को मजबूती मिलेगी। मॉकड्रिल के दौरान अधिकारी-कर्मचारी और बचाव दल के सदस्य मौजूद रहे।