सात माह की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी को जेल में कैदियों ने पीटा, पीजीआई ले जाते समय मौत
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नारनौल जेल में बंद सात माह की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी को रविवार शाम कैदियों ने पीट दिया। पिटाई से घायल बंदी को नारनौल अस्पताल लाया गया, जहां से उसे पीजीआई रोहतक रेफर किया गया था।
पीजीआई ले जाते समय रात 11:00 बजे चरखी दादरी के पास उसने दम तोड़ दिया। जेल अधीक्षक की शिकायत पर अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है। ड्यूटी मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में चरखी दादरी सिविल अस्पताल में चिकित्सकीय बोर्ड से पोस्टमार्टम करवाया गया। मामले की ज्यूडिशियल जांच शुरू कर दी है।
गौरतलब है कि मूलरूप से उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के गांव चितौरा का महेश नौ साल से परिवार के साथ नारनौल जिले के एक गांव में रह रहा था। महेश के भाई सोनू और नरेश ने बताया कि 22 मई को पड़ोसी ने शिकायत देकर आरोप लगाए थे कि महेश ने उसकी सात माह की बच्ची से दुष्कर्म किया है। ग्रामीणों ने महेश को पकड़ पुलिस के हवाले कर दिया था।
इसके बाद से महेश नारनौल जेल में बंद था। वहीं, कनीना डीएसपी साधु राम के अनुसार रविवार को जेल से एक हवालाती की तबीयत बिगड़ने की सूचना मिली थी। उसे सामान्य अस्पताल से पीजीआई रोहतक रेफर किया गया था। रविवार शाम 7:00 बजे रोहतक ले जाते समय दादरी के पास उसकी तबीयत ज्यादा खराब हो गई।
उसे चरखी दादरी सिविल अस्पताल लाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। डीएसपी ने बताया कि नारनौल जेल अधीक्षक देवीदयाल ने कैदियों पर महेश को पीटने का संदेह जताया है। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया है। महेश के परिजनों ने पुलिस कस्टडी में हत्या का आरोप लगाया और सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना था कि पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद उन्हें अपने भाई से मिलने तक नहीं दिया।