रिलायंस का जियो सिम लेने की सोच रहे हैं तो पढ़े ये खबर
अगर आप रिलायंस जियो का सिम लेने के लिए इंतजार कर रहे हैं तो आपके लिए खुशखबरी है। रिलायंस जियो का सिम लेने के लिए कोई शुल्क नहीं देना होगा। सिम का वितरण मुफ्त में किया जा रहा है। सिर्फ आपको अपना आधार कार्ड या वोटिंग कार्ड जैसे पहचान पत्र को दिखाना है।
रिलायंस जियो का सिम 4जी सपोर्ट करने वाले सभी स्मार्टफोन पर काम करेगा। ट्रायल रन के दौरान जियो सिम सिर्फ रिलायंस के स्मार्टफोन पर काम कर रहा था। बाद में इसके दायरे को सैमसंग और एलजी फोन तक बढ़ाया गया था।
अगर कोई उपभोक्ता चाहे तो नंबर पोर्टेब्लिटी प्रक्रिया के तहत भी अपने चालू मोबाइल नंबर को रिलायंस जियो सिम में बदल सकता है। रिलायंस जियो आगामी 5 सितंबर से देश भर में लांच किया जा रहा है।
कंपनी के मुताबिक देश भर में छोटे-बड़े 1.25 लाख स्टोर पर रिलायंस जियो के सिम का वितरण किया जा रहा है। रिलायंस जियो स्टोर पर सिम के लिए मान्यता प्राप्त पहचान पत्र के साथ पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ लेकर जाएं। पार्सपोर्ट साइज फोटो नवीनतम होना चाहिए। पुराना फोटो देख स्टोर कर्मचारी सिम देने से मना कर सकता है।
जिस ग्राहक को सिम लेना है या जिसके नाम पर सिम लिया जा रहा है, सिम लेते समय उसका वहां मौजूद होना जरूरी है। सिम चालू होने पर आपके दिए हुए कॉन्टेक्ट नंबर पर एसएमएस आ जाएगा जिसके बाद सिम को फोन में डालना होगा।
इसके बाद अगर आप वॉयसडाटा सर्विस चाहते हैं तो 1977 पर कॉल करें। फोन पर आपसे सिम पैक पर उपलब्ध रिलायंस जियो नंबर और पहचान पत्र के अंतिम चार अंक पूछे जाएंगे। हालांकि मुंबई व दिल्ली में ई-केवाईसी के तहत भी सिम कार्ड देनी की व्यवस्था की गई है जिसके तहत 15 मिनट के अंदर ही सिम चालू हो जाएगा।
अन्य टेलीकॉम कंपनियां अपनी मार्केटिंग रणनीति बनाने में जुटी : सीओएआई
अन्य टेलीकॉम कंपनियां अपनी मार्केटिंग रणनीति बनाने में जुटी : सीओएआई
सेलुलर आपरेटर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (सीओएआई) के महानिदेशक राजन मैथ्यु ने कहा है कि रिलायंस जियो के लांच की घोषणा के बाद अन्य टेलीकॉम कंपनियां अपनी मार्केटिंग व सेल्स की नई रणनीति बनाने में जुट गई है।
मैथ्यु से पूछे जाने पर कि क्या अन्य टेलीकॉम कंपनियां भी अपने वायस कॉल को फ्री कर देंगी तो उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसा नहीं लगता है। उन्होंने कहा कि अन्य टेलीकॉम कंपनियां अपनी कॉल दरों को कम जरूर कर सकती है।
रिलायंस की मुफ्त कॉलिंग की घोषणा के बाद भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) के समक्ष इस मामले को उठाए जाने के संबंध में उन्होंने कहा कि ऐसा कुछ भी नहीं सोचा जा रहा है।
मैथ्यु ने बताया कि रिलायंस जियो की योजनाओं को लेकर ट्राई और दूरसंचार विभाग को पहले ही सीओएआई की तरफ से सूचित किया जा चुका है।