{"_id":"67f222eba18e852d54045656","slug":"uk-pm-keir-starmer-to-declare-end-of-globalisation-amid-trump-tariffs-trade-war-2025-04-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Globalisation: ट्रंप के टैरिफ युद्ध का असर, ब्रिटेन के पीएम कर सकते हैं वैश्वीकरण का दौर खत्म होने का एलान","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
Globalisation: ट्रंप के टैरिफ युद्ध का असर, ब्रिटेन के पीएम कर सकते हैं वैश्वीकरण का दौर खत्म होने का एलान
Sun, 06 Apr 2025 12:54 PM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लंदन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लंदन
Published by: नितिन गौतम
Updated Sun, 06 Apr 2025 12:54 PM IST
सार
स्टार्मर ने कहा है कि वैश्विकरण अब बहुत से लोगों को कोई फायदा नहीं पहुंचा पा रहा है। हम ये नहीं मानते कि व्यापार युद्ध इसका जवाब है, लेकिन ये मौका है ये दिखाने का कि अलग रास्ता भी हो सकता है।
विज्ञापन
कीर स्टार्मर
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा विभिन्न देशों पर टैरिफ लगाने के फैसले के बाद पूरी दुनिया में उथल-पुथल का माहौल है। इस माहौल के बीच ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर सोमवार को बड़ा एलान करने जा रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सोमवार को कीर स्टार्मर देश के नाम संबोधन देंगे, जिसमें वे वैश्वीकरण के युग के अंत का एलान कर सकते हैं।
सोवियत संघ के पतन के बाद शुरू हुआ था वैश्विकरण का दौर
साल 1991 में सोवियत संघ के पतन के बाद दुनिया में वैश्वीकरण की शुरुआत हुई थी। बीते कई दशकों में वैश्वीकरण खूब फला-फूला और इसने दुनियाभर के बाजारों को खोल दिया। हालांकि अब ट्रंप द्वारा जिस तरह से पारस्परिक टैरिफ लगाने का एलान किया है, उससे वैश्विक अर्थव्यवस्था में अनिश्चितता का दौर शुरू हो गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सोमवार को स्टार्मर वैश्विकरण के खत्म होने का एलान कर सकते हैं। स्टार्मर ट्रंप के टैरिफ लगाने के फैसले से नाराज हैं और उनका मानना है कि इससे नए युग की शुरुआत हो सकती है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, स्टार्मर ने कहा है कि वैश्विकरण अब बहुत से लोगों को कोई फायदा नहीं पहुंचा पा रहा है। हम ये नहीं मानते कि व्यापार युद्ध इसका जवाब है, लेकिन ये मौका है ये दिखाने का कि अलग रास्ता भी हो सकता है।
ये भी पढ़ें- US: राष्ट्रपति ट्रंप को नए टैरिफ से अमेरिका को फायदा होने की उम्मीद, दूसरे कार्यकाल का सबसे बड़ा फैसला
विज्ञापन
एचएसबीसी बैंक के प्रमुख भी कर चुके हैं वैश्विकरण खत्म होने की भविष्यवाणी
स्टार्मर का मानना है कि अब टैरिफ लगाए जाने के बाद विभिन्न देश अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ाने और घरेलू उत्पादन पर फोकस कर सकते हैं। कीर स्टार्मर की तरह ही एचएसबीसी के प्रमुख सर मार्क टकर भी मानते हैं कि वैश्विकरण का दौर समाप्त हो चुका है। बीते माह हॉन्ग कॉन्ग में एक निवेश सम्मेलन में सर मार्क टकर ने कहा था कि ट्रंप की आक्रामक व्यापार नीतियों के चलते यह दुनिया छोटे-छोटे समूहों में बंट सकती है, जिनके बीच मजबूत व्यापारिक संबंध बन सकते हैं।
ये भी पढ़ें- US Tariff: अमेरिका की जनता को टैरिफ की भारी कीमत चुकानी पड़ेगी? 'ट्रंप का आह्वान- मजबूती से डटे रहें लोग
विज्ञापन
सोवियत संघ के पतन के बाद शुरू हुआ था वैश्विकरण का दौर
साल 1991 में सोवियत संघ के पतन के बाद दुनिया में वैश्वीकरण की शुरुआत हुई थी। बीते कई दशकों में वैश्वीकरण खूब फला-फूला और इसने दुनियाभर के बाजारों को खोल दिया। हालांकि अब ट्रंप द्वारा जिस तरह से पारस्परिक टैरिफ लगाने का एलान किया है, उससे वैश्विक अर्थव्यवस्था में अनिश्चितता का दौर शुरू हो गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सोमवार को स्टार्मर वैश्विकरण के खत्म होने का एलान कर सकते हैं। स्टार्मर ट्रंप के टैरिफ लगाने के फैसले से नाराज हैं और उनका मानना है कि इससे नए युग की शुरुआत हो सकती है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, स्टार्मर ने कहा है कि वैश्विकरण अब बहुत से लोगों को कोई फायदा नहीं पहुंचा पा रहा है। हम ये नहीं मानते कि व्यापार युद्ध इसका जवाब है, लेकिन ये मौका है ये दिखाने का कि अलग रास्ता भी हो सकता है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- US: राष्ट्रपति ट्रंप को नए टैरिफ से अमेरिका को फायदा होने की उम्मीद, दूसरे कार्यकाल का सबसे बड़ा फैसला
विज्ञापन
एचएसबीसी बैंक के प्रमुख भी कर चुके हैं वैश्विकरण खत्म होने की भविष्यवाणी
स्टार्मर का मानना है कि अब टैरिफ लगाए जाने के बाद विभिन्न देश अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ाने और घरेलू उत्पादन पर फोकस कर सकते हैं। कीर स्टार्मर की तरह ही एचएसबीसी के प्रमुख सर मार्क टकर भी मानते हैं कि वैश्विकरण का दौर समाप्त हो चुका है। बीते माह हॉन्ग कॉन्ग में एक निवेश सम्मेलन में सर मार्क टकर ने कहा था कि ट्रंप की आक्रामक व्यापार नीतियों के चलते यह दुनिया छोटे-छोटे समूहों में बंट सकती है, जिनके बीच मजबूत व्यापारिक संबंध बन सकते हैं।
ये भी पढ़ें- US Tariff: अमेरिका की जनता को टैरिफ की भारी कीमत चुकानी पड़ेगी? 'ट्रंप का आह्वान- मजबूती से डटे रहें लोग