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सुपर स्पोर्ट्स कार लैम्बोर्गिनी की करीब 60 फीसदी कारें भारत में ईएमआई पर बिकीं
Fri, 14 Feb 2020 12:49 AM IST
गौरव पाण्डेय
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Fri, 14 Feb 2020 12:49 AM IST
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सुपर स्पोर्ट्स कार बनाने वाली कंपनी लैम्बोर्गिनी की भारत में कुल बिकी कारों में 60 से 65 फीसदी कारें ईएमआई (ईजी मंथली इंस्टालमेंट) पर बिकी हैं। लैम्बोर्गिनी की इंडिया विंग ने बताया कि भारत में उनकी 60 से 65 फीसदी कारों की बिक्री ईएमआई पर हुई है।
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लैम्बोर्गिनी इंडिया के सीईओ शरद अग्रवाल कहते हैं, इन सुपर कार के अधिकतर खरीदार इंडस्ट्रियलिस्ट और बिजनेसमैन हैं, कंपनी ने शायद ही किसी कॉरपोरेट पेशेवर को कोई कार बेची हो। हमारे ग्राहक संपत्ति का निर्माण करने वाले हैं, न कि उन्हें संपत्ति उत्तराधिकार में मिली है। उन्हें पैसे की कीमत की समझ है। पैसा होने के बावजूद पांच करोड़ की कार खरीदने से पहले वह पूरी गणना करते हैं।
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शरद ने कहा कि, वह (ग्राहक) अपना पैसा अपने व्यापार में लगाने की सोचता है और कार लोन पर खरीदता है। मैं आपको बता दूं कि हम ईएमआई पर भी कार बेचते हैं। हमारी 60 से 65 फीसदी कारें फाइनेंस पर बिकी हैं। वह सुपर स्पोर्ट कार ह्यूराकैन ईवो आरडब्ल्यूडी की लॉन्चिंग के मौके पर बात कर रहे थे। इस कार की भारत में शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 3.22 करोड़ रुपये है।
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अग्रवाल ने कहा कि सुपर लग्जरी कार सेग्मेंट (2.5 करोड़ रुपये से अधिक कीमत वाली कार) को साल 2019 में मंदी का सामना करना पड़ा है। 2019 में भारत में इस सेग्मेंट में विभिन्न ब्रांड्स की कुल 265 कारें बिकीं। साल 2018 में यह संख्या 315 थीष लैम्बोर्गिनी इंडिया ने 2018 में जहां 45 कार बेची थीं वहीं 2019 में इसने 52 कारों की बिक्री की थी।
शरद ने कहा, करीब तीन साल पहले तक हमारी कुल बिक्री का 99 फीसदी हिस्सा दिल्ली, मुंबई और कोलकाता जैसे मेट्रो शहरों पर आधारित था। अब मेट्रो शहरों की इसमें भागीदारी 75 फीसदी हो गई है और 25 फीसदी अहमदाबाद, सूरत, नासिक, जयपुर, इंदौर और कानपुर जैसे शहरों से आ रहा है। तीन साल में स्थितियां बहुत परिवर्तित हुई हैं।