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Gold Prices: सोने के बढ़ते भाव से नया चलन हुआ शुरू, शादी ब्याह के लिए पुराने आभूषण बेचकर खरीद रहे नए गहने
Sat, 12 Apr 2025 04:04 PM IST
नविता स्वरूप
बिजनेस डेस्क अमर उजाला, मुंबई
बिजनेस डेस्क अमर उजाला, मुंबई
Published by: नविता स्वरूप
Updated Sat, 12 Apr 2025 04:04 PM IST
सार
सोने की कीमत उच्च रिकॉर्ड स्तर पर हैं, जिसकी वजह से आभूषण की खरीदारी फिलहाल नहीं हो रही है। शादी ब्याह का मौसम होने की वजह से 80 प्रतिशत ग्राहक रिसायकलिंग गोल्ड यानी पुराने आभूषणों नया करवा रहे हैं।
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jewellery
- फोटो : instagram
विस्तार
अमेरिका और चीन के बीच बढ़ते व्यापारिक तनाव और टैरिफ चिंताओं में कुछ समय पहले सोने की कीमतों में कमी देखने को मिली थी, लेकिन अब अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत 3200 डॉलर तक पहुंच गई है जिसका असर भारत में देखने को मिल रहा है। भारतीय बाजार में सोने के दाम में रोज उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। 12 अप्रैल को मुंबई में (दोपहर तक )24 कैरेट सोने की कीमत 96, 600 रुपये प्रति दस ग्राम पर पहुंच गई जबकि 22 कैरेट सोना का भाव 87,460 रुपये प्रति दस ग्राम रहा है। बाजार के विशेषज्ञों का कहना है कि सोने के भाव शुक्रवार की तुलना में 2000 रुपये तक बढ़ गए हैं। सोने की कीमत अपना नया रिकॉर्ड भाव यानी 1,00,000 रुपये के स्तर पर जाने के लिए केवल 4,500 रुपये की दूर है।
झवेरी बाजार में रिसाइकिल सोने बिक्री खरीदी बढ़ी
बाम्बे बुलियन एसोसिएशन के सदस्य और ज्वेलर संजय कोठारी ने बताया कि सोने की कीमत उच्च रिकॉर्ड स्तर पर हैं, जिसकी वजह से आभूषण की खरीदारी फिलहाल नहीं हो रही है। शादी ब्याह का मौसम होने की वजह से 80 प्रतिशत ग्राहक रिसायकलिंग गोल्ड यानी पुराने आभूषणों नया करवा रहे हैं, जिसमें उन्हें केवल बनाई ही देनी पड़ रही है नहीं तो पुराने सोने को बेचकर उसकी जगह नए आभूषण ले रहे हैं।
सोने के सिक्कों अथवा सोने के बार को बेचकर भी ग्राहक आभूषण में बदल रहे हैं। वे कहते हैं, इतने अधिक भाव में नई खरीदारी 5 प्रतिशत तक देखने को मिल रही है, जिसमें भी उच्च आय वर्ग ही खरीदारी करता दिखाई दे रहा है। चांदी में भी छोटी वस्तुओं की खरीदारी है, जिसमें पायल अथवा उपहार में दी जाने वाली हल्की वस्तुओं की मांग 10 प्रतिशत तक है।
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बॉम्बे बुलियन एसोसिएश के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुमार जैन कहते हैं, फिलहाल ग्राहकों को सोने की खरीदारी के लिए थोड़ा इंतजार करना चाहिए। यदि वे निवेश करना भी चाहते हैं तो, गोल्ड ईटीएफ में सिस्टमेंटिक इंवेस्टमेंट प्लान (एसआईपी) के जरिए करना चाहिए, क्योंकि सोना इतना महंगा हो गया है कि फिलहाल इसकी खरीदारी फिजिकल न करके योजनाबद्ध तरीके से करने की जरूरत है। अमेरिका और चीन के बीच बढ़ते व्यापारिक तनाव और टैरिफ की वजह से कुछ समय पहले सोने की कीमतों में कमी देखने को मिली थी, लेकिन अब अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत 3200 डॉलर तक पहुंच गई हैं। आनेवाले समय में सोने और चांदी कीमतों में वृद्धि होनी तय है। इस अनिश्चितता भरे माहौल में फिजिकल सोना न लेकर गोल्ड ईटीएफ के जरिए ग्राहक अपना निवेश सोने में बढ़ा सकते हैं, जो सबसे सुरक्षित निवेश विकल्प में से एक है।
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झवेरी बाजार में रिसाइकिल सोने बिक्री खरीदी बढ़ी
बाम्बे बुलियन एसोसिएशन के सदस्य और ज्वेलर संजय कोठारी ने बताया कि सोने की कीमत उच्च रिकॉर्ड स्तर पर हैं, जिसकी वजह से आभूषण की खरीदारी फिलहाल नहीं हो रही है। शादी ब्याह का मौसम होने की वजह से 80 प्रतिशत ग्राहक रिसायकलिंग गोल्ड यानी पुराने आभूषणों नया करवा रहे हैं, जिसमें उन्हें केवल बनाई ही देनी पड़ रही है नहीं तो पुराने सोने को बेचकर उसकी जगह नए आभूषण ले रहे हैं।
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सोने के सिक्कों अथवा सोने के बार को बेचकर भी ग्राहक आभूषण में बदल रहे हैं। वे कहते हैं, इतने अधिक भाव में नई खरीदारी 5 प्रतिशत तक देखने को मिल रही है, जिसमें भी उच्च आय वर्ग ही खरीदारी करता दिखाई दे रहा है। चांदी में भी छोटी वस्तुओं की खरीदारी है, जिसमें पायल अथवा उपहार में दी जाने वाली हल्की वस्तुओं की मांग 10 प्रतिशत तक है।
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बॉम्बे बुलियन एसोसिएश के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुमार जैन कहते हैं, फिलहाल ग्राहकों को सोने की खरीदारी के लिए थोड़ा इंतजार करना चाहिए। यदि वे निवेश करना भी चाहते हैं तो, गोल्ड ईटीएफ में सिस्टमेंटिक इंवेस्टमेंट प्लान (एसआईपी) के जरिए करना चाहिए, क्योंकि सोना इतना महंगा हो गया है कि फिलहाल इसकी खरीदारी फिजिकल न करके योजनाबद्ध तरीके से करने की जरूरत है। अमेरिका और चीन के बीच बढ़ते व्यापारिक तनाव और टैरिफ की वजह से कुछ समय पहले सोने की कीमतों में कमी देखने को मिली थी, लेकिन अब अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमत 3200 डॉलर तक पहुंच गई हैं। आनेवाले समय में सोने और चांदी कीमतों में वृद्धि होनी तय है। इस अनिश्चितता भरे माहौल में फिजिकल सोना न लेकर गोल्ड ईटीएफ के जरिए ग्राहक अपना निवेश सोने में बढ़ा सकते हैं, जो सबसे सुरक्षित निवेश विकल्प में से एक है।