Gold Silver Price: आज फिर कम हुई सोने की वायदा कीमत, उच्चतम स्तर से 7500 रुपये नीचे
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सपाट वैश्विक कीमतों के चलते आज भारतीय बाजारों में सोने और चांदी की वायदा कीमत में मिला-जुला रुख रहा। एमसीएक्स पर सोना वायदा 0.1 फीसदी घटकर 48,846 रुपये प्रति 10 ग्राम पर, जबकि चांदी 0.5 फीसदी बढ़कर 65,760 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई। पिछले सत्र में एक महीने में सबसे निचले स्तर पर पहुंचने के बाद सोना 0.36 फीसदी उछला था, जबकि चांदी में एक फीसदी की तेजी आई थी। अगस्त 2020 में भारतीय बाजारों में सोना 56,200 रुपये प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुंच गया था। यानी अभी उच्चतम स्तर से सोना 7500 रुपये नीचे है।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों में इतना रहा दाम
वैश्विक बाजारों में पिछले सत्र में एक महीने के निचले स्तर पर पहुंचने के बाद आज हाजिर सोना 0.1 फीसदी बढ़कर 1,838.51 डॉलर प्रति औंस हो गया। अन्य कीमती धातुओं में चांदी 1.1 फीसदी गिरकर 25.05 डॉलर प्रति औंस हो गई, प्लैटिनम 1.3 फीसदी बढ़कर 1,092.65 डॉलर हो गया, जबकि पैलेडियम 0.3 फीसदी की गिरावट के साथ 2,364 डॉलर हो गया।
इस साल कम हुई सोने की कीमत
साल 2020 में कीमती धातु की कीमत में जोरदार उछाल आया, लेकिन इस साल वैश्विक बाजारों में अब तक सोने की दरें तीन फीसदी से अधिक गिर गई हैं क्योंकि अमेरिकी डॉलर इन अपेक्षाओं से अधिक बढ़ा है कि कोरोना वायरस के टीके और प्रोत्साहन पैकेज से आर्थिक सुधार में मदद मिलेगी। पिछले दो हफ्तों में तेजी के बाद आज डॉलर इंडेक्स 90.672 पर थोड़ा नीचे था।
2021 में घरेलू बाजार में भी कम हुई कीमत
भारत की बात करें, तो वैश्विक बाजारों के अनुरूप ही पिछले साल लगभग 25 फीसदी की गिरावट के बाद, इस साल भारत में सोने की कीमतों में अब तक तीन फीसदी की गिरावट आई है। विश्लेषकों का कहना है कि सोने को केंद्रीय बैंकों और सरकारों के बड़े पैमाने पर प्रोत्साहन पैकेजों से समर्थन मिलने की उम्मीद है।
इस साल बढ़ सकती है सोने की मांग: डब्ल्यूजीसी
वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल (WGC) की एक रिपोर्ट के अनुसार, कोरोना वायरस महामारी के प्रकोप के उबरने के साथ भारत में 2021 के दौरान उपभोक्ता भावनाओं में सुधार हो रहा है और सोने की मांग सकारात्मक दिखाई दे रही है। रिपोर्ट के मुताबिक नवंबर में धनतेरस के शुरुआती आंकड़े बताते हैं कि आभूषणों की मांग औसत से कम थी, लेकिन इसमें पिछले साल की दूसरी तिमाही (अप्रैल-जून 2020) के निचले स्तर के मुकाबले काफी सुधार हुआ। रिपोर्ट में आगे कहा गया कि वैश्विक आर्थिक वृद्धि कुछ समय के लिए अपनी पूर्ण क्षमता के मुकाबले सुस्त बनी रहेगी, लेकिन पिछले कुछ समय से सोने की कीमतों में स्थिरता के चलते उपभोक्ताओं के लिए खरीद के अवसर बढ़ेंगे। डब्ल्यूजीसी की रिपोर्ट के मुताबिक चीन जैसे देशों में आर्थिक सुधार की संभावना है, जिसे 2020 की शुरुआत में भारी नुकसान का सामना करना पड़ा था।