फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Pulwama Terror Attack: this father sold juice on road to make his son CRPF personnel

पुलवामा हमला: इस पिता ने सड़क किनारे जूस और कपड़े बेचकर बनाया था बेटे को जवान

Fri, 15 Feb 2019 01:50 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भागलपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भागलपुर Published by: Sneha Baluni Updated Fri, 15 Feb 2019 01:50 PM IST
विज्ञापन
Pulwama Terror Attack: this father sold juice on road to make his son CRPF personnel
शहीद रतन ठाकुर के पिता - फोटो : ANI

जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में गुरुवार को आतंकियों ने सीआरपीएफ के काफिले को निशाना बनाया था। जिसमें 40 जवान शहीद हो गए हैं। वहीं कई घायल हैं जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। पूरा देश जहां इस घटना से गुस्से में हैं। वहीं घटना में अपनों को खोने वाले सरकार से पाकिस्तान को इसका करारा जवाब देने की मांग कर रहे हैं। वहीं बहुत से पिता ऐसे हैं जो अपने दूसरे बेटे को भी मां भारती की सेवा में बलिदान करने की इच्छा करते हैं।

विज्ञापन


बिहार के भागलपुर के रहने वाले रतन ठाकुर गुरुवार को हुए हमले में शहीद हो गए हैं। उनके पिता जहां अपने इकलौते बेटे को खोने से दुखी हैं वहीं उनका कहना है कि अगर मेरा दूसरा बेटा होता तो वह उसे भी सेना में भेज देते। उन्होंने कहा, 'मैंने भारत माता की सेवा में अपने एक बेटे का बलिदान किया है। मैं लड़ने के लिए अपने दूसरे बेटे को भी भेज देता। वह भी भारत के लिए लड़ने के लिए तैयार हो जाता लेकिन पाकिस्तान को इसका माकूल जवाब मिलना चाहिए।'
विज्ञापन


रतन ठाकुर के पिता का कहना है कि बेटे को पढ़ाने के लिए उन्होंने मजदूरी की। सड़कों पर जूस बेचा और यहां तक कि ठेले लगाकर कपड़े तक बेचे। मगर अब सब खत्म हो गया। आतंकियों ने मेरे बेटे को मार दिया। साल 2011 में रतन सीआरपीएफ में भर्ती हुआ था। उसकी पहली पोस्टिंग गढ़वा में हुई थी। उसकी नौकरी के बाद घर की गरीबी धीरे-धीरे खत्म हो रही थी। लेकिन अब हम किसके सहारे जिएंगे। वहीं शहीद की पत्नी ने बताया कि डेढ़ बजे उनका फोन आया था और रात को फोन करने की बात कही थी। मैं उनके फोन का इंतजार कर रही थी। रात को हमें उनके शहीद होने की खबर मिली।
विज्ञापन
विज्ञापन


आतंकी हमलों में जो जवान शहीद हुए हैं वह देश के कोने-कोने से आकर भारत माता की सेवा कर रहे थे। कोई दो दिन पहले ही छुट्टी बिताकर लौटा था तो किसी ने घटना से कुछ मिनट पहले ही परिवारवालों को अपनी सलामती की बात बताई थी। कोई पत्नी से फोन पर जल्द घर आने की बात कर रहा था। तभी अचानक ऐसा हमला हुआ जिसने सबकुछ खत्म कर दिया। जिससे वह उम्मीद भी खत्म हो गई जो शहीदों के परिवारवालों की आंखों में बसी थीं।


आतंकियों की इस कायरतापूर्ण हरकत में अपनों को खो देने वाले लोगों के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। उन्हें अपनों की शहादत पर गर्व है तो पाकिस्तान के प्रति गुस्सा भी है। उन्हें उस देश से नफरत है जिसने उनसे उनके प्रियजन को छीन लिया है। वह सरकार से सख्त कदम उठाने की मांग कर रहे हैं। वहीं लोगों की भावनाओं का सम्मान करते हुए प्रधानमंत्री का कहना है कि आतंकियों ने बहुत बड़ी गलती की है। जिसकी उन्हें सजा जरूर मिलेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed