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Bihar News: पूर्व और वर्तमान बीडीओ पर पांच-पांच हजार का जुर्माना, पीएम आवास की सूची में गड़बड़ी का आरोप
Thu, 13 Feb 2025 04:03 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, सीतामढ़ी
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, सीतामढ़ी
Published by: अरविंद कुमार
Updated Thu, 13 Feb 2025 04:03 PM IST
सार
PM Housing list Irregularities Allegations: पूर्व और वर्तमान बीडीओ पर पांच-पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। आरोप है कि इन्होंने पीएम आवास योजना की सूची की गलत जानकारी दी थी।
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प्रखंड विकास कार्यालय, सोनबरसा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बिहार राज्य सूचना आयोग ने सूचना के अधिकार के तहत मांगी गई जानकारी को समय पर उपलब्ध नहीं कराने के मामले में एक बड़ी कार्रवाई की है। आयोग ने सीतामढ़ी जिले में सोनबरसा के पूर्व और वर्तमान दोनों बीडीओ (प्रखंड विकास पदाधिकारी) पर पांच-पांच हजार रुपये का आर्थिक दंड लगाया है।
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मामला सोनबरसा प्रखंड के भुतही गांव का है। जहां के निवासी मनुवंश पंजियार ने प्रधानमंत्री आवास योजना की लाभुक सूची की मांग की थी। आवेदक को दी गई सूची में केवल छह आवेदकों के नाम थे, जिसे आवेदक ने गलत और भ्रामक बताया। वर्तमान बीडीओ ने आयोग को बताया कि वे अगस्त 2022 से पदभार संभाल रहे हैं और उन्होंने आयोग का पत्र मिलते ही सूचना उपलब्ध करा दी।
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सूचना में विलंब का कारण बताते हुए कहा गया कि सूचना की मांग 29 सितंबर 2020 को की गई थी। जब कोरोना महामारी अपने चरम पर थी। हालांकि, आयोग ने इस तर्क को खारिज करते हुए कहा कि वर्तमान बीडीओ ने दो वर्षों तक यह नहीं देखा कि उनके सूचना प्रकोष्ठ में कितने आवेदन लंबित हैं।
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आयोग ने स्पष्ट किया कि वर्तमान बीडीओ का यह कहना कि पूर्व बीडीओ दोषी हैं, उचित नहीं हैं। यदि पूर्व लोक सूचना पदाधिकारी ने समय पर सूचना नहीं दी, तो वर्तमान पदाधिकारी को सूचना प्रकोष्ठ की समीक्षा कर लंबित आवेदनों पर कार्रवाई करनी चाहिए थी। आयोग ने बीडीओ को संबंधित वार्ड पंचायत के अभिलेखों का अवलोकन आवेदक को कराने का भी निर्देश दिया है।