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True Love: पहले प्रेमी जोड़े की अलग-अलग जगह हो गई थी शादी, अब ऐसे एक-दूजे के हुए; इस प्रेम विवाह की जमकर चर्चा
Fri, 13 Dec 2024 08:46 PM IST
हिमांशु प्रियदर्शी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जहानाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जहानाबाद
Published by: हिमांशु प्रियदर्शी
Updated Fri, 13 Dec 2024 08:46 PM IST
सार
Jehanabad News: विवाह के बाद विजय और चंचला ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि हमारा प्यार भगवान की इच्छा थी। अब हम अपने जीवन की नई शुरुआत करने के लिए तैयार हैं। पढ़ें अनोखी लव स्टोरी...।
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एक लंबे अरसे बाद एक-दूजे के हुए विजय और चंचला
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
जहानाबाद जिले के गोक्षिणी स्थित प्रसिद्ध मां मंडेश्वरी मंदिर में एक ऐसी शादी संपन्न हुई, जिसने समाज और परिवार के विरोध के बावजूद सच्चे प्रेम की जीत का उदाहरण पेश किया। बचपन के प्रेमी विजय कुमार साव और चंचला देवी ने सभी सामाजिक बंधनों को तोड़ते हुए विवाह कर लिया। इस घटना ने सभी का ध्यान आकर्षित किया और सच्चे प्रेम की ताकत को साबित किया।
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बचपन का प्यार, परिवारों का विरोध
पटना जिले के सिंगौड़ी गांव के विजय कुमार साव और चंचला देवी का प्रेम बचपन से ही गहराई से जुड़ा हुआ था। लेकिन सामाजिक दबाव और पारिवारिक विरोध के कारण दोनों की शादी अलग-अलग लोगों से कर दी गई। विजय ने बताया कि तीन साल पहले चंचला के पति की सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो गई, जिसके बाद वह अपने ससुराल में दो बच्चों के साथ रह रही थी। इधर, एक साल पहले विजय की पत्नी का भी निधन हो गया। इन घटनाओं ने दोनों को फिर से एक साथ आने का मौका दिया।
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चंचला की दिव्यांगता को बनाया ताकत
जानकारी के मुताबिक, चंचला जन्म से ही एक पैर से दिव्यांग हैं, उनका जीवन कठिनाइयों से भरा रहा। उनके माता-पिता का पहले ही निधन हो चुका था, लेकिन विजय ने उन्हें अपनाने का फैसला किया। विजय ने कहा कि चंचला के साथ जीवन बिताने का निर्णय मेरे दिल का फैसला था। मैं समाज के विरोध से डरने वाला नहीं हूं।
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कानूनी प्रक्रिया के बाद मंदिर में हुआ विवाह
शादी से पहले विजय और चंचला ने सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी कीं। इसके बाद मां मंडेश्वरी मंदिर में विधिपूर्वक विवाह किया गया। मंदिर के पुजारी ने वैदिक मंत्रोच्चार के साथ विवाह संपन्न कराया। इस अवसर पर उपस्थित महिलाओं ने पारंपरिक रस्मों को निभाते हुए नवविवाहित जोड़े को आशीर्वाद दिया।
सच्चे प्रेम की हुई जीत
विवाह के बाद विजय और चंचला ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि हमारा प्यार भगवान की इच्छा थी। अब हम अपने जीवन की नई शुरुआत करने के लिए तैयार हैं। यह शादी न केवल सच्चे प्रेम और विश्वास की मिसाल बनी, बल्कि यह भी दिखाया कि समाज के बंधनों को तोड़कर अपने फैसले पर डटे रहने से सफलता मिलती है।