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Bihar News: जातीय जनगणना के सवाल पर बृजभूषण शरण बोले- बम फूटेगा और सारे सवर्ण देश से बाहर हो जाएंगे

Thu, 15 May 2025 04:21 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, औरंगाबाद Published by: अमर उजाला ब्यूरो Updated Thu, 15 May 2025 04:21 PM IST
सार

Brijbhushan Sharan: बिहार के औरंगाबाद में पहुंचे बृजभूषण शरण सिंह ने बड़ी बात कही है। उन्होंने कहा कि जातीय जनगणना में बम फूटेगा और सारे सवर्ण देश से बाहर हो जाएंगे।

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Bihar News On question of caste census Brijbhushan Sharan said in Aurangabad
प्रेसवार्ता को संबोधित करते बृजभूषण शरण सिंह - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष रहे पूर्व सांसद व भाजपा नेता बृजभूषण शरण सिंह जातीय जनगणना के सवाल पर भड़क उठे। सिंह ने यहां प्रेसवार्ता में कहा कि पूरा देश जातीय जनगणना चाहता है। यह मांग पहले बिहार और उतर प्रदेश से शुरू हुई। कुछ लोग इसे लेकर हाय तौबा मचा रहे हैं। इसे लेकर हौव्वा बनाया जा रहा है।

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उन्होंने भड़कते हुए कहा कि हौव्वा बनाने वालों को लगता है कि जातीय जनगणना होने पर बम फूटेगा और सारे सवर्ण देश से बाहर हो जाएंगे। हमारे लिए अलग देश बनेगा, हम आसमान में चले जाएंगे। होने दीजिए जातीय जनगणना और फूटने दीजिए बम और देखते हैं, हमें कहां जाना पड़ता है। हमें राजपूत का नेता नहीं मानिए, इससे उन्हें दुःख होता है। वे सर्वसमाज की बात करते हैं और सर्व समाज के नेता हैं।
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संघर्ष विराम पर न हो किंतु-परंतु की राजनीति
ऑपरेशन सिंदूर की सफलता और संघर्ष विराम के बाद किंतु-परंतु की राजनीति को लेकर विपक्ष पर बड़ा हमला बोला। सिंह ने गुरुवार को यहां प्रेसवार्ता में कहा कि ऑपरेशन सिंदूर देश के लिए गर्व की बात है। इसे लेकर सारे दलों के नेताओं ने सरकार का साथ दिया था। इसे लेकर किसी तरह की किंतु-परंतु की राजनीति नहीं होनी चाहिए थी। लेकिन संघर्ष विराम के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की रोज बयानबाजी को लेकर किंतु-परंतु की राजनीति की जा रही है। कुछ लोगों को लगता है कि संघर्ष विराम नहीं होना चाहिए। जो लोग मानते हैं कि विराम ही सभी समस्या का हल है। ऐसे लोगों को मैं कहना चाहता हूं कि 1971 में जब 62 हजार पाकिस्तानी सैनिक युद्ध बंदी बना लिए गए थे, तो उस वक्त युद्ध बंदियों को छोड़ने के मामले पर पाक अधिकृत कश्मीर (पीओके) लेने की शर्त क्यों नहीं लगाई। उस वक्त कह देते कि या तो पीओके दो तभी सैनिक मिलेंगे, लेकिन उस वक्त ऐसा क्यों नही कहा?

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उन्होंने कहा कि सारी समस्या की जड़ कश्मीर है और यह समस्या आजादी के समय से है। आजादी के बाद जब हरि सिंह ने कश्मीर का भारत में विलय कर लिया था, उस वक्त हमारी सेना लाहौर के पास पहुंच गई थी तो उस वक्त संयुक्त राष्ट्र संघ (यूएनओ) चले गए। बाद में कश्मीर में धारा-370 लागू कर दिया। 370 लागू होने के बाद लाखों आम नागरिक और सैनिक मारे गए, उस वक्त क्यों नहीं धारा-370 का विरोध नहीं किया। भाजपा जनसंघ काल से इसका अकेले विरोध करती रही। हम कहते रहे, जहां हुए बलिदान मुखर्जी वह कश्मीर हमारा है। हमारी पार्टी ने धारा न केवल धारा-370 हटाने की लड़ाई लड़ी, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह ने जम्मू-कश्मीर से धारा-370 हटाया भी। उस वक्त भी कुछ नेताओं ने कहा कि धारा-370 हटने पर कश्मीर में खून की नदियां बहेगी पर ऐसा कुछ भी नही हुआ।


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पहलगाम हमला हुआ तो हमारी सरकार ने सेना को कार्रवाई करने की खुली छूट दे दी। परिणाम सामने आया पाकिस्तान में हमारी मिसाइले बरसी, आतंक के अड्डे तबाह हो गए। आतंकी मसूद अजहर के परिवार के 14 लोग मारे गए। आतंकी मसूद अजहर फूट-फूट कर रोया। यह भी कह गया कि वह क्यो नही मारा गया। भारतीय सेना ने उनका पूरा डिफेंस सिस्टम नष्ट कर दिया। अब वें शांति के रास्ते पर आना चाहते है, उन्हे आने दीजिए लेकिन यह भी जान लीजिए जो जैसा करेगा, वैसा ही भुगतेगा। वें शांति की राह पर नही आएंगे तो भारतीय सेना फिर अपना काम करेगी।

इन कानूनों का हो रहा दुरुपयोग
भाजपा नेता ने खुद पर महिला पहलवानों के यौन उत्पीड़न के सवाल पर कहा कि यह घिसा पिटा सवाल है। इस पर पहले बोल चुके है। अब कुछ कहने की जरूरत नही है लेकिन पूरे देश की जनता को बताना चाहता हूं कि महिला उत्पीड़न, दहेज उत्पीड़न, दलित उत्पीड़न और यौन उत्पीड़न कानूनों का भारी दुरूपयोग हो रहा है। इससे पूरा देश परेशान है। इन कानूनों को संरक्षण के लिए गया गया था न कि दुरुपयोग के लिए। जनता भी इन कानूनों की सच्चाईं जान रही है।

यह पूछे जाने पर कि एक सांसद के रूप में ये सवाल आपने संसद में क्यो नही उठाए, इस पर उन्होंने कहा कि पार्लियामेंट में इतना मौका नही मिल पाता जिससे ऐसे मामले उठाए जा सके लेकिन अन्य फोरम पर भी वें ऐसे मामले उठाते रहते है। प्रेसवार्ता में औरंगाबाद के पूर्व सांसद सुशील कुमार सिंह, भाजपा नेता अश्विनी कुमार सिंह एवं अन्य भाजपा नेता मौजूद रहे।

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