अजीब परिवार! डकैती है इनका फैमिली बिजनेस
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इस घटना में बॉलीवुड की एक्शन फिल्म के सारे तेवर हैं। एक लखपति परिवार- जो खुद डाकुओं का एक गिरोह है। इसमें सारे डाकू एक ही परिवार के सदस्य हैं यानी डकैती है फैमिली बिजनेस। बिहार के बांका जिला पुलिस के अनुसार गिरोह के मुखिया बटेश्वर मंडल का बांका शहर में पक्का मकान है और यह परिवार गाड़ियां भी भाड़े पर देता है।
पुलिस के अनुसार 23 जनवरी को बांका शहर स्थित भारतीय स्टेट बैंक की दुधारी शाखा से लगभग बारह लाख रुपए भी इन्होंने ही लूटे थे। इस फैमिली गैंग के बारे में बांका के पुलिस अधीक्षक डॉक्टर सत्य प्रकाश ने बताया, "बैंक लूट को बटेश्वर मंडल और उनके तीन बेटों ने अपने एक नजदीकी रिश्तेदार के साथ मिलकर अंजाम दिया।" पुलिस के अनुसार इस गैंग के मुखिया ने पहले चोरी शुरू की और फिर अपने बेटों को ट्रेनिंग देकर इस ‘धंधे’ में उतारा।
और भी हैं ‘फैमिली गैंग’
पुलिस तहकीकात से यह बात भी सामने आई है कि पहले भी यह परिवार हत्या सहित कई अन्य अपराधों में शामिल रहा है। लेकिन बैंक लूट का पर्दाफाश होने से पहले न तो पुलिस को इसकी खबर थी और न पड़ोसियों को इसकी भनक। साथ ही बांका और आस-पास के ज़िलों में ऐसे कई दूसरे ‘फैमिली गैंग्स’ के सक्रिय होने का भी पता चला है। पुलिस अधीक्षक के अनुसार इनमें हाजरा गैंग, दास और खैरा गैंग काफी सक्रिय हैं।
स्थानीय पत्रकार प्रियरंजन के अनुसार बेटों के साथ बटेश्वर के गिरफ्तार होने पर आस-पास के लोग हैरान रह गए थे। प्रियरंजन ने बताया कि पड़ोसियों के अनुसार परिवार की गतिविधियां किसी भी तरह का शक पैदा नहीं करती थीं।
सामान्य जीवन
मंडल परिवार आने-जाने वालों से, पड़ोसियों से सामान्य रूप से मिला करता था। लगभग 55 साल के बटेश्वर के सात बेटे हैं। इनमें से दो छोटे बेटों को छोड़ बाकी सभी बटेश्वर के साथ कथित रूप से आपराधिक घटनाओं में शामिल रहते हैं। बटेश्वर के गिरफ्तार हुए तीन बेटों नागमणि, अंगद और पांडा की उम्र 20 से 35 साल के बीच है।