फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Bihar ›   Chief Minister Nitish Kumar says no need for an anti-conversion law in bihar

Bihar: नीतीश कुमार ने बीजेपी को दिया साफ जवाब, कहा- बिहार में नहीं है धर्मांतरण विरोधी कानून की जरूरत

Wed, 08 Jun 2022 10:28 PM IST
शिव शरण शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना Published by: शिव शरण शुक्ला Updated Wed, 08 Jun 2022 10:28 PM IST
सार

मुख्यमंत्री ने पटना में जोर देकर कहा कि बिहार में सरकार हमेशा सतर्क रही है। यहां के सभी लोग, चाहे वे किसी भी धार्मिक समूह के हों, शांति से रहते हैं। हमने अपना काम कुशलता से किया है। इसलिए यहां इस तरह के कदम की जरूरत नहीं है। 

विज्ञापन
Chief Minister Nitish Kumar says no need for an anti-conversion law in bihar
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार - फोटो : ANI

विस्तार

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बुधवार को धर्मांतरण विरोधी कानून को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि बिहार में धर्मांतरण विरोधी कानून की कोई जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि यहां सरकार सतर्क है और विभिन्न धार्मिक समुदायों के सदस्य शांति से रहते हैं। गौरतलब है कि नीतीश कुमार बीजेपी के साथ गठबंधन में सरकार चला रहे हैं। 

विज्ञापन


बिहार में सरकार हमेशा सतर्क 
मुख्यमंत्री ने पटना में जोर देकर कहा कि बिहार में सरकार हमेशा सतर्क रही है। यहां के सभी लोग, चाहे वे किसी भी धार्मिक समूह के हों, शांति से रहते हैं। हमने अपना काम कुशलता से किया है। इसलिए यहां इस तरह के कदम की जरूरत नहीं है। सरकार की सतर्कता ने सुनिश्चित किया है कि राज्य में कोई सांप्रदायिक तनाव न हो। 
विज्ञापन


नीतीश के इस बयान बीजेपी के लिए एक संदेश के रूप में देखा जा रहा है। गौरतलब है कि कई भाजपा नेता जैसे केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह गाहे-बगाहे बिहार में धर्मांतरण विरोधी कानून की जरूरत पर बल देते रहते हैं। जातीय जनगणना के मुद्दे पर भी नीतीश कुमार और बीजेपी के बीच वैचारिक मतभेद भी सामने आया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


भाजपा ने जताई है धर्मांतरण कानून की जरूरत
पहले भी भाजपा के नेता कैबिनेट में शामिल कुछ मंत्रियों सहित आरोप लगाते रहे हैं कि कई रोहिंग्या और बांग्लादेशी बिहार में घुस आए हैं और इस बात का ध्यान रखा जाना चाहिए कि उन्हें राज्य-स्तरीय जातियों में शामिल करके उनके प्रवास को वैध न बनाया जाए।


कई बार भाजपा का विरोध कर चुके है नीतीश
गौरतलब है कि नीतीश कुमार ने 1990 के दशक से बीजेपी के साथ गठबंधन में रहने के बावजूद कई मुद्दों जैसे अयोध्या, अनुच्छेद 370, समान नागरिक संहिता, ट्रिपल तालक, एनआरसी और जनसंख्या नियंत्रण के लिए विधायी उपायों पर भाजपा का विरोध किया है। हाल ही में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने संसद में जनसंख्या नियंत्रण बिल लाने पर भी बयान दिया था। नीतीश ने कहा था कि कानून बना देने से कुछ नहीं होने वाला। इसके लिए लोगों को अपना नजरिया बदलना होगा। उन्होंने कहा था कि जनसंख्या नियंत्रण को लेकर बिहार में लगातार काम किया जा रहा है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed