Bihar News: DMCH के इमरजेंसी विभाग में पानी के लिए हाहाकार, उपकरणों की सफाई में हो रही परेशानी
Bihar News: परीक्षण रूम में मरीज को इलाज के बाद हाथ धोने के लिए डॉक्टरों और नर्सों को पानी नहीं मिल रहा है। चापाकल से थोड़ा-थोड़ा पानी मंगाकर वे हाथ साफ करने को मजबूर हैं।
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उत्तर बिहार के सबसे बड़े अस्पताल डीएमसीएच के इमरजेंसी विभाग में पिछले 24 घंटे से पानी के लिए त्राहिमाम मचा हुआ है। इस विभाग में पानी के लिए लगाए गए मोटर में खराबी आ जाने से यह समस्या हो गई है, जिससे यहां इलाज करने वाले डॉक्टर, नर्स, कर्मी और मरीज के परिजन बूंद-बूंद पानी के लिए तरसने को मजबूर हो रहे हैं। यही नहीं इस इमरजेंसी विभाग मरीजों के इलाज में लाए गए उपकरणों की सफाई करना भी मुश्किल हो गया है। पानी के लिए हाहाकार मचे रहने के बावजूद अस्पताल प्रशासन के द्वारा मोटर को अभी तक दुरुस्त नहीं कराया जा सका है।
बताया जाता है कि गुरुवार को दिन के करीब दो-तीन बजे अचानक वहां का मोटर करना बंद कर दिया, जिसके बाद से पानी की सप्लाई ठप हो गई। जब तक टंकी में सप्लाई का पानी रहा, तब तक स्थिति सामान्य रही। लेकिन मोटर के जलने के कुछ घंटे के बाद पानी के लिए हाहाकार मच गया। तब कर्मियों को मालूम पड़ा कि कैदी वार्ड में लगा पानी का मोटर जल चुका है।
बता दें इस मोटर के जरिए इमरजेंसी, सीसीडब्ल्यू के कमरों और कैदी वार्ड में पानी की सप्लाई होती है। दस बेडों वाले बंदी वार्ड में फिलहाल तीन मरीज इलाजरत हैं। जबकि इमरजेंसी के तीन कमरे में चल रहे सीसीडब्ल्यू वार्ड के दस बेड पर मरीजों का इलाज चल है। इनके परिजनों को भी शौच आदि जाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही वार्ड की साफ-सफाई में भी कर्मियों को कठिनाई हो रही है। नल से पानी नहीं आने कारण बाहर परिसर में मौजूद एकमात्र चापाकल लोगों का सहारा बना है।
इमरजेंसी विभाग में इलाज कराने आये मरीज के परिजन रामप्रकाश साह ने बताया कि मेरा मरीज CCW वार्ड में इलाजरत है। पूरी रात पानी के लिए काफी परेशानी झेलना पड़ा है। कर्मियों से पानी के पूछने पर पता चला कि यहां का मोटर खराब हो गया है, जिस कारण बाहर के चापाकल से पानी लेकर काम चलाना पड़ा है।
उपकरणों की सफाई में हो रही परेशानी
इमरजेंसी विभाग में जलापूर्ति ठप रहने से मरीजों के उपचार में इस्तेमाल होने वाले मेडिकल उपकरणों की सफाई भी बाधित हो गई है। इस कारण टांके आदि लगाने में दिक्कत हो रही है। ठीक ढंग से सफाई नहीं हो पाने के चलते इंफेक्शन फैलने की आशंका से बढ़ गई। पानी की किल्लत होने के कारण कर्मियों को परिसर में स्थित एक मात्र चापाकल से बाल्टी में पानी भर कर लाना पड़ रहा है। तब जाकर उपकरण की सफाई कर मरीजो का इलाज किया जा रहा है। इस संबंध में डीएमसीएच उपाधीक्षक डॉ. हरेंद्र कुमार ने बताया कि इमरजेंसी विभाग के मोटर में खराबी होने की सूचना मिली है। उसे शीघ्र ठीक कराने के लिए कर्मियों को निर्देश दिया गया है।