शराबबंदी कानून में ढील: नीतीश बोले-जो गांधी की भावना को नहीं मानता वो हिंदुस्तानी नहीं
संशोधित कानून के अनुसार, पहली बार अपराध करने वालों को जुर्माना जमा करने के बाद ड्यूटी मजिस्ट्रेट से जमानत मिल जाएगी और यदि अपराधी जुर्माना राशि जमा करने में सक्षम नहीं है तो उसे एक महीने की जेल का सामना करना पड़ सकता है।
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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि जो महात्मा गांधी की भावना को नहीं मानते, उसे मैं हिंदुस्तानी नहीं मानता। शराबबंदी कानून में संशोधन को लेकर बुधवार को विधानसभा में बोलते हुए नीतीश ने कहा कि महात्मा गांधी के विचारों को नहीं मानने वाले अयोग्य हैं, पापी है। बुधवार को बिहार विधानसभा ने निषेध एवं उत्पाद शुल्क संशोधन विधेयक, 2022 को ध्वनिमत से पारित कर दिया, जिसके तहत राज्य में पहली बार शराबबंदी कानून को कम सख्त बनाया गया है।
जहरीली शराब से राज्यों में हुई मौतों पर सीएम ने सवालिया लहजे में कहा कि जो जहरीली शराब पी लिया और मर गया तो उसको राहत देंगे? शराब पीने गया तब न मरा। मुख्यमंत्री ने कहा कि जहरीली शराब सिर्फ बिहार की बात नहीं है। जिन राज्यों में शराबबंदी नहीं है वहां जहरीली शराब से अधिक लोग मर रहे हैं।
जो शराब पीतें हैं,वे भारतीय कहलाने के लिए लायक नहीं: नीतीश
सीएम नीतीश ने कहा कि जो लोग शराब पीते हैं वे महापापी, महा अयोग्य होते हैं। ऐसे लोगों को भारतीय कहलाने का कोई हक नहीं है। नीतीश ने कहा कि जो लोग शराब का सेवन करते हैं और बापू की भावनाओं को नहीं मानते, तो हम मानते ही नहीं कि वे हिंदुस्तानी हैं, भारतीय तो है ही नहीं।
उन्होंने आगे कहा कि वह काबिल तो है ही नहीं। वह महा अयोग्य और महा पापी है। जो राष्ट्रपिता बापू की बात को भी नहीं सुनता तो इसका क्या मतलब निकाला जाए। उन्होंने कहा कि दुनिया भर में शराब का कितना बुरा प्रभाव है, इन सब को समझना चाहिए और इसको लेकर बापू के विचारों को प्रचारित किया जाना चाहिए।
विपक्ष ने नीतीश को घेरा
कांग्रेस विधायक दल के नेता अजीत शर्मा ने आरोप लगाया कि संशोधित कानून पुलिसकर्मियों को अधिक अधिकार देगा। राज्य सरकार के इस कदम से पुलिस और शराब माफिया के बीच गठजोड़ और मजबूत होगा। राजद विधायक ऋषि कुमार ने कहा कि नया कानून जिसमें कहा गया है कि शराब पीते हुए लोगों को जेल नहीं होगी, काफी हास्यास्पद है। यह साबित करता है कि राज्य में शराबबंदी नीति विफल हो गई है और इसे समाप्त किया जाना चाहिए।
शराबबंदी कानून में प्रमुख बदलाव
- अब शराब पीते पकड़े गए तो एक्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट के पास से जमानत
- बार-बार अपराध पर अतिरिक्त जुर्माना या जेल या दोनों
- शराब बरादमगी वाले स्थल को एएसआई भी सील कर सकेंगे
- जब्त वाहन जुर्माना देकर छूट सकेंगे, डीएम को मिला अधिकार
- बरामदगी स्थल पर ही नष्ट हो सकेगी जब्त शराब
राज्यसभा की उम्मीदवारी पर भी बोले
वहीं, एक अन्य कार्यक्रम में नीतीश से राज्यसभा में जाने की इच्छा को लेकर सवाल किया गया। इस पर नीतीश ने कहा कि मेरी कोई व्यक्तिगत इच्छा नहीं है। इससे पहले मुख्यमंत्री ने कहा था कि वे तीन सदनों का सदस्य रह चुके हैं। सिर्फ राज्यसभा बाकी है।
बिहार विधानमंडल की कार्यवाही अनिश्चित काल के लिए स्थगित
बिहार विधानमंडल के दोनों सदनों की कार्यवाही गुरुवार को एक महीने से अधिक समय का बजट सत्र समाप्त होने के बाद अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दी गई। बिहार विधानसभा अध्यक्ष विजय कुमार सिन्हा ने बजट सत्र के अंतिम दिन के भोजनावकाश के बाद के सत्र में निजी सदस्यों के प्रस्ताव को लेने के उपरांत सदन की कार्यवाही अनिश्चित काल तक के लिए स्थगित किए जाने की घोषणा की।
- ANI Multimedia (@ANI_Multimedia) 31 Mar 2022