बिहार: पटना में मधुपुर-आनंदविहार एक्सप्रेस पर पथराव, बी-7 कोच का शीशा चकनाचूर; बाल-बाल बचे यात्री
पटना में गुलजारबाग और राजेंद्रनगर के बीच मंगलवार शाम मधुपुर-आनंदविहार एक्सप्रेस पर पथराव किया गया। पत्थर लगने से बी-7 कोच की खिड़की का शीशा टूट गया। घटना में कोई यात्री घायल नहीं हुआ। आरपीएफ सीसीटीवी फुटेज खंगालकर आरोपियों की पहचान में जुटी है।
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गुलजारबाग और राजेंद्रनगर टर्मिनल के बीच मंगलवार शाम तेज रफ्तार मधुपुर-आनंदविहार एक्सप्रेस पर अज्ञात असामाजिक तत्वों ने पथराव कर दिया। घटना में ट्रेन के बी-7 कोच की खिड़की का शीशा टूट गया। अचानक हुए पथराव से कोच में बैठे यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, पत्थर लगने से किसी यात्री के चोटिल होने की सूचना नहीं है।
तेज रफ्तार ट्रेन पर फेंका पत्थर
घटना मंगलवार शाम करीब चार बजे की बताई जा रही है। गाड़ी संख्या 22459 मधुपुर-आनंदविहार एक्सप्रेस जब गुलजारबाग-राजेंद्रनगर रेलखंड से गुजर रही थी, तभी तृतीय एसी कोच बी-7 की खिड़की पर पत्थर फेंका गया। तेज रफ्तार ट्रेन की खिड़की से पत्थर टकराने के बाद शीशा चकनाचूर हो गया। घटना से कोच में सफर कर रहे यात्री सहम गए। यात्रियों ने तत्काल रेलकर्मियों को इसकी सूचना दी, जिसके बाद रेल प्रशासन ने सुरक्षा बलों को सतर्क किया।
आरपीएफ ने शुरू की जांच
सूचना मिलते ही राजेंद्रनगर आरपीएफ की टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। सुरक्षा बल उस स्थान का पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं, जहां से ट्रेन पर पत्थर फेंका गया। साथ ही रेल पटरी के आसपास मौजूद लोगों और संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ी जानकारी जुटाई जा रही है।
आरपीएफ निरीक्षक के अनुसार, प्रारंभिक जांच में किसी नशेड़ी युवक द्वारा इस हरकत को अंजाम दिए जाने की आशंका है। हालांकि, पथराव किस स्थान से हुआ और इसमें कौन शामिल था, इसकी पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। आरोपियों की पहचान और धरपकड़ के लिए आरपीएफ आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाल रही है।
पहले भी पथराव का दावा
घटना के बाद सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक उपभोक्ता ने पोस्ट साझा कर इसकी जानकारी दी। पोस्ट में दावा किया गया कि गुलजारबाग और राजेंद्रनगर रेलखंड के बीच ट्रेनों पर पथराव की घटनाएं पहले भी होती रही हैं।
तेज रफ्तार ट्रेनों पर पत्थरबाजी यात्रियों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। खिड़की का शीशा टूटने के साथ पत्थर कोच के भीतर आ जाता तो यात्री गंभीर रूप से घायल हो सकते थे। फिलहाल आरपीएफ मामले की जांच कर रही है।