नोटबंदी पर जदयू दो फाड़, नीतीश ने फिर किया फैसले का समर्थन
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नोटबंदी के फैसले पर जदयू के नेताओं के अलग-अलग बयान आ रहे हैं । एक तरफ पार्टी के पूर्व अध्यक्ष शरद यादव नोटबंदी के फैसले पर सवाल उठा रहे हैं। तो वहीं, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार खुलकर इस फैसले का समर्थन कर रहे हैं। बुधवार को नीतीश ने एकबार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बड़े नोट पर बैन लगाने के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि 500 और 1000 के पुराने नोट बंद करने से कालेधन बाहर आएगा।
मधुबनी में 'निश्चय यात्रा' के दौरान रैली को संबोधित करते हुए नीतीश ने कहा कि अब सरकार को बेनामी संपत्ति रखने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई करनी चाहिए। कई लोग दो नंबर का कारोबार कर ऐश कर रहे हैं, उनके खिलाफ भी कार्रवाई करने की जरूरत है। हालांकि उन्होंने कहा कि नोटबंदी का फैसला तो सही है, लेकिन लागू करने से पहले सरकार की तैयारी सही नहीं है। उन्होंने कहा कि जनता की परेशानी दूर करने के लिए केन्द्र सरकार को और कदम उठाने की जरूरत है।
इससे पहले 8 नवंबर को पीएम नरेंद्र मोदी के एलान के बाद भी नीतीश ने इस फैसले का खुलकर समर्थन किया था। उन्होंने कहा था कि कालेधन को लेकर पीएम मोदी का फैसला काबिलेतारीफ है। लोगों को केंद्र सरकार द्वारा उठाये गये इस कदम से थोड़ी समस्या तो जरूर होगी लेकिन यह हमारी भविष्य की आर्थिक मजबूती के लिये लाभकारी सिद्ध होगा।
Madhubani: Bihar CM Nitish Kumar once again hails PM Modi's move of scrapping Rs 500/1000 notes, says in "I am in total favour of the ban" pic.twitter.com/DWMlIPeyfO
— ANI (@ANI_news) November 16, 2016
गरीब का पेट 50 दिन इंतजार नहीं करेगा: शरद यादव
वहीं जदयू के पूर्व अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद शरद यादव ने सदन में चर्चा के दौरान कहा कि केन्द्र सरकार ने भारत बंद करा दिया और लाइन में लगा दिया। सारे हिंदुस्तान में जेबकतरे फैल गए हैं। देशभर में हाहाकार मचा है। उन्होंने कहा कि सरकार 10 साल बाद भी कालेधन नहीं ला पाएगी।
शरद ने कहा कि प्रधानमंत्री कह रहे हैं कि 50 दिन में हालत सुधर जाएंगे। लेकिन गरीब के पास खाने को पैसे नहीं है गरीब का पेट 50 दिन तक इंतजार नहीं करेगा। शरद यादव ने कहा कि गांवों की एक बड़ी आबादी बैंकों से आज भी दूर है और उसके पास एटीएम नहीं है। उसका सारा कामकाज कैश पर चलता था लेकिन सरकार के इस फैसले ने सबको मुश्किल में ला दिया है। शरद यादव ने कहा कि कैश की ब्लैकमार्केंटिंग हो रही है।