फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Automobiles News ›   If you want to buy an old car, then how to detect tampering in the odometer, know everything

Car Care Tips: खरीदनी है पुरानी कार, तो ऑडोमीटर में छेड़छाड़ का किस तरह लगाएं पता, जानें सबकुछ

Sun, 24 Dec 2023 12:36 PM IST
समीर गोयल ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: समीर गोयल Updated Sun, 24 Dec 2023 12:36 PM IST
सार

अगर आप भी एक पुरानी कार को खरीदने की तैयारी कर रहे हैं। तो कार के ऑडोमीटर को किस तरह चेक किया जा सकता है। आइए जानते हैं।

विज्ञापन
If you want to buy an old car, then how to detect tampering in the odometer, know everything
Instrument-Cluster car meter

विस्तार

अक्सर पुरानी कार बेचते हुए कार के स्पीडोमीटर में छेड़खानी की जाती है। जिससे कार के किलोमीटर कम करके ज्यादा कीमत पाई जा सके। हम इस खबर में आपको कुछ ऐसी जानकारी दे रहे हैं। जिनको ध्यान में रखकर ऑडोमीटर में छेड़छाड़ का आसानी से पता लगाया जा सकता है।

विज्ञापन


होती है छेड़छाड़
पुरानी कार को बेचने से पहले अक्सर लोग कार के ऑडोमीटर से छेड़छाड़ करते हैं। ज्यादातर लोगों का मानना होता है कि आजकल डिजिटल ऑडोमीटर आते हैं और उनसे छेड़छाड़ नहीं की जा सकती। लेकिन यह पूरी तरह से सच नहीं होता। किसी भी गाड़ी के मीटर को पीछे किया जा सकता है। कई बार ऐसे धोखेबाज इतनी सफाई से ऑडोमीटर पीछे करते हैं कि पता लगाना मुश्किल हो जाता है।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें - Car Care Tips: रात में कार को है चलाना, तो रखें इन बातों का ध्यान, नहीं होगी परेशानी, जानें डिटेल
विज्ञापन
विज्ञापन


डिजिटल मीटर से छेड़छाड़
डिजिटल ऑडोमीटर के साथ छेड़खानी करने वाले कार से कंसोल को खोल कर लैपटॉप या स्मार्टफोन से कनेक्ट कर देते हैं और कंसोल की चिप को हैक करके अपनी मर्जी के मुताबिक ऑडोमीटर रीडिंग को सेट कर देते हैं। ऑडोमीटर में प्रिटेंड सर्किट बोर्ड होता है, जिसमें से चिप को निकाल कर री-सोल्डरिंग की जाती है। ऑडोमीटर के ग्लास पर या इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर पर पेचकस के निशान हो तो इस बात की संभावना ज्यादा हो जाती है कि किसी ने मीटर टेंपर किया हो। हालांकि अगर किसी प्रोफेशनल ने ऐसा किया हो, तो यह पता लगाना और भी मुश्किल हो जाता है।


यह भी पढ़ें - Car Number Plate Meaning: वाहनों की नंबर प्लेट के रंग में छिपा होता है बड़ा राज, क्या जानते हैं आप

एनालॉग मीटर से भी होती है छेड़छाड़
एनालॉग मीटर में कई नंबर होते हैं, जो किलोमीटर की जानकारी देते हैं। कार के इंस्ट्रूमेंट कंसोल या स्पीडोमीटर को अलग को करके ऑडोमीटर के डिजिट व्हील्स को पीछे किया जा सकता है। हालाँकि, कई बार इस तरह के ऑडोमीटर के साथ ठीक से टेंपरिंग नहीं हो पाती है और जब कार को करीब 10 हजार किलोमीटर या उससे ज्यादा कार चल जाती है, तो कई बार डिजिट काम करना बंद कर देते हैं।

यह भी पढ़ें - PUC Certificate: क्या होता है पीयूसी सर्टिफिकेट, कैसे और कहां मिलता है, यहां मिलेगी पूरी जानकारी

कैसे लगाएं पता
गाड़ी के ऑडोमीटर से छेड़छाड़ का पता लगाना हालांकि मुश्किल होता है, लेकिन थोड़ा सा ध्यान रखकर ही इस धोखाधड़ी को पकड़ा जा सकता है। कार खरीदने से पहले कार की डिटेल सर्विस हिस्ट्री जरूर मांगे। संभव हो तो जहां कार की सर्विस होती है वहां खुद जा कर पता लगाएं। सर्विस सेंटर के नंबर पर फोन करके भी आखिरी सर्विस के दौरान की रीडिंग की जानकारी ली जा सकती है।

यह भी पढ़ें - Airbag In Old Car: क्या पुरानी कार में लग सकता है एयरबैग? जानें कितना है सुरक्षित और कितना आएगा खर्च

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed