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क्या आपका घर देवी-देवताओं के रहने लायक है
टीम डिजिटल
Updated Wed, 18 Sep 2013 08:01 AM IST
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त्योहारों का मौसम चल रहा है। कुछ ही दिनों में नवरात्र और दीपावली भी आने वाली है लेकिन क्या आपका घर मां दुर्गा और लक्ष्मी के स्वागत के लिए तैयार है।
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वास्तु विज्ञान के अनुसार देवी-देवाताओं की कृपा घर पर बनी रहे इसके लिए पूजा घर वास्तु दोष से मुक्त होना चाहिए। जहां पूजा घर वास्तु के नियमों के विपरीत होता है वहां ध्यान और पूजा करते समय मन एकाग्र नहीं रह पाता है। इससे पूजा-पाठ का पूर्ण लाभ नहीं मिलता है।
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वास्तु विज्ञान के अनुसार पूजा घर पूर्व अथवा उत्तर दिशा में होना चाहिए। इन दिशाओं में पूजा घर होने पर घर में सकारात्मक उर्जा बनी रहती है। पूजा घर के ऊपर अथवा इसके अगल-बगल शौचालय या स्नानघर नहीं होना चाहिए। आजकल बहुत से लोग सीढ़ी के नीचे या तहखाने में पूजा घर बनवा लेते हैं जो वास्तु के अनुसार उचित नहीं है।
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अगर एक ही घर में कई लोग रहते हैं तो अलग-अलग पूजा घर बनवाने की बजाय मिलजुलकर एक पूजा घर बनवाएं। एक ही मकान में कई पूजा घर होने पर घर के सदस्यों को मानसिक, शारीरिक एवं आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
भगवान को एक दूसरे से कम से कम एक इंच की दूरी पर रखें। अगर घर में एक ही भगवान की दो तस्वीर हो तो, दोनों को आमने-सामने बिल्कुल भी नहीं रखें। एक ही भगवान के आमने सामने होने पर घर में आपसी तनाव बढ़ता है।
अगर जगह की कमी के कारण शयन कक्ष में ही पूजा घर बनाना पड़े तो ध्यान रखें कि बिछावन इस प्रकार हो ताकि सोते समय भगवान की ओर पैर नहीं हो। रात में सोने के समय भगवान की मूर्तियों के सामने पर्दा लगा दें।