अल्मोड़ा जिले के स्याल्दे बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं की मांग कर रहे आंदोलनकारियों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने सहित अन्य मांगों के लिए चौकोट संघर्ष समिति के बैनर तले एकजुट लोगों ने तहसील परिसर से स्याल्दे बाजार में काले झंडों के साथ जुलूस निकाला। प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए। वहीं बाजार बंद रहने से लोग परेशान रहे। स्याल्दे तहसील परिसर से सोमवार को दोपहर करीब 12 बजे जुलूस निकला। जुलूस स्याल्दे बाजार होते हुए मुख्य तिराहा पर पहुंचा और लोगों ने प्रशासन के खिलाफ नारे लगाए। यहां से जुलूस पुन: आंदोलन स्थल तहसील परिसर पहुंचा, जहां राकेश बिष्ट, मनोज नेगी, सुनील टम्टा, पूरन खाती, जितेंद्र रजवार, खीमानंद जोशी, संजय नेगी , शोभा मनराल, हेमा बिष्ट, नंदी मनराल, हंसी देवी, चंद्रकला, दीपा मनराल आदि क्रमिक अनशन पर बैठीं। इस मौके पर हुई सभा में आंदोलनकारी ललित बिष्ट ने कहा कि आंदोलनकारियों पर दर्ज मुकदमे वापस होने तक आंदोलन जारी रखा जााएगा। उन्होंने कहा कि जिन लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया है उनकी माली हालत ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि तहसील प्रशासन को आंदोलन की पूर्व में सूचना दी गई थी। अन्य वक्ताओं ने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र स्याल्दे में चिकित्सकों की कमी बनी हुई है। इससे स्थानीय लोगों को उपचार के लिए अन्यत्र जाना पड़ रहा है। उन्होंने आठ सूत्री मांगें पूरी करने की मांग की। जुलूस में विनोद सिंह, मनोज तिवारी, बालम मनराल, दौलत सिंह खाती, हरीश सिंह, बालम सिंह, राधारमण उप्रेती, मनोज नेगी आदि मौजूद रहे।