20 भाद्रपद के पावन अवसर पर जिले की गढ़सा घाटी स्थित देवता शौठ निहारगड़ू महाराज के ऐतिहासिक तीर्थ स्थल पर आस्था का सैलाब उमड़ा। देवता के पवित्र झरने में स्नान के लिए प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु पहुंचे। श्रद्धालुओं ने पवित्र जल में स्नान कर देवता शौठ निहारगड़ू महाराज के दर्शन किए और सुख-समृद्धि की कामना की। मान्यता है कि मानसून के दौरान पहाड़ों में उगने वाली दुर्लभ औषधीय जड़ी-बूटियों का रस पानी के स्रोतों में मिल जाता है। 20 भादो के दिन इनका प्रभाव सबसे अधिक माना जाता है। इसी कारण पवित्र झरनों, सरोवरों और नदी संगमों में स्नान करने की परंपरा चली आ रही है।