तिगांव थाना क्षेत्र में बुलेट प्रूफ वाहन तैयार किए जाने की गुप्त सूचना मिलने पर मुख्यमंत्री उड़न दस्ता (सीएम फ्लाइंग) की टीम ने पुलिस के साथ मिलकर एक वर्कशॉप का निरीक्षण किया। टीम को यहां चार वाहन खड़े मिले, जिनमें दो स्कॉर्पियो में बुलेट प्रूफिंग का काम लगभग पूरा हो चुका था, जबकि दो अन्य वाहनों में काम चल रहा था। वर्कशॉप संचालक से वाहनों को बुलेट प्रूफ बनाने के लिए जरूरी अनुमति या एनओसी मांगी गई, लेकिन वह कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद थाना तिगांव पुलिस ने मौके पर मिले चारों वाहनों को कब्जे में लेकर नियमानुसार कार्रवाई शुरू कर दी है। सीएम फ्लाइंग को 20 सितंबर को गुप्त सूचना मिली थी कि तिगांव गांव में ईएसएसआर पेट्रोल पंप के नजदीक स्थित एक वर्कशॉप में वाहनों को बुलेट प्रूफ बनाने का काम किया जा रहा है। सूचना के आधार पर टीम ने थाना तिगांव के प्रबंधक अफसर और पुलिस टीम के साथ संयुक्त रूप से वर्कशॉप का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान वर्कशॉप में चार वाहन खड़े मिले। इनमें दो टोयोटा फॉर्च्यूनर और दो स्कॉर्पियो शामिल थीं। जांच में सामने आया कि दोनों स्कॉर्पियो वाहनों में बुलेट प्रूफिंग का काम लगभग पूरा हो चुका था। वहीं, दोनों फॉर्च्यूनर वाहनों में बुलेट प्रूफिंग का काम किया जा रहा था। टीम ने मौके पर मौजूद वर्कशॉप संचालक प्रमोद कुमार पुत्र तुलसीदास, निवासी मकान नंबर 1039, सेक्टर-3, बल्लभगढ़ से वाहनों में लगाए जा रहे स्टील शीट और बुलेट प्रूफ शीशों के संबंध में जानकारी ली। डीएसपी विवेक चौधरी ने बताया कि वाहनों को बुलेट प्रूफ बनाने के लिए आवश्यक अनुमति और एनओसी के बारे में पूछा गया। हालांकि, संचालक संयुक्त टीम के समक्ष कोई वैध अनुमति या एनओसी प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद थाना तिगांव के एसएचओ ने मौके पर मिले चारों वाहनों को कब्जे में ले लिया। पुलिस की ओर से मामले में नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल जांच चल रही है।