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जगपाल हत्याकांड में तीन को उम्रकैद

Sun, 30 Mar 2014 05:35 AM IST
Badaun
Badaun Updated Sun, 30 Mar 2014 05:35 AM IST
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बदायूं। जिले की विभिन्न सत्र अदालतों ने हत्या, मारपीट और गिरोहबंदी के मामलों में नामजद आरोपियों को कारावास सहित जुर्माना की सजाएं सुनाई हैं।
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पहला मामला-
न्यायालय षष्ठम अपर सेशन जज एसएन त्रिपाठी जगपाल ने हत्याकांड के मामले में नामजद तीन आरोपियों को उम्रकैद और 40 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना रकम में से 70 फीसदी मुआवजा मृतक के परिजनों को मिलेंगे। घटना थाना दातागंज क्षेत्रांतर्गत बझेड़ा गांव में 29 अप्रैल 2009 को घटी। आरोपी राकेश, दौलत राम और वेदपाल ने जगपाल को पहले शराब पिलाई फिर हत्या करके लाश बगिया में फेंक कर फरार हो गएञ। आरोपियों के साथ शराब पीते हुए मृतक के परिजनों ने भी देखा और टोका भी था। जज श्री त्रिपाठी ने जगपाल की हत्या के आरोप में दोषी पाकर राकेश, दौलतराम और वेदपाल को उम्रकेद सहित प्रत्येक को 40 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।
दूसरा मामला-
न्यायालय दशम अपर जज वीके पांडे ने तहेरे भाई से मारपीट कर उसे गंभीर चोटें पहुंचाने के मामले में चार साल कैद सहित पांच हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। घटना थाना कादरचौक क्षेत्रांतर्गत घटियारी के पास की है। जिला एटा के थाना निघौली क्षेत्र के गांव सलेमपुर निवासी आरोपी गौतम सिंह अपने तहेरे भाई सुनील के साथ घटियारी स्थित ससुराल पत्नी की विदा कराने 20 मार्च 2012 को जा रहा था। शाम साढे़ सात बजे किसी बात को लेकर दोनों में विवाद हो गया। फलस्वरूप धारदार हथियार से गौतम ने सुनील पर हमला करके उसे घायल कर दिया और फरार हो गया। जज श्री पांडे ने दोनों पक्षों की सुनवाई उपरांत सुनील से मारपीट करने के आरोप में दोषी गौतम सिंह को चार साल कैद और पांच हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई।
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तीसरा मामला-
स्पेशल जज (गैंगस्टर एक्ट) चंद्र पाल सिंह ने थाना उझानी क्षेत्रांतर्गत अब्दुल्लागंज निवासी तेजपाल को गैंग चलाने के जुर्म में दोषी पाकर तीन साल कैद सहित पांच हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। आरोपी का थाना क्षेत्र में आतंक था। वह अपने गैंग के सदस्यों के साथ आर्थिक और भौतिक लाभ के लिए जरायम करता था, कोई उसके खिलाफ गवाही देने से कतरात था। फलस्वरूप तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक कृपाल सिंह ने 31 जुलाई 1997 को आरोपी के खिलाफ मुकदमा कायम कराया था।
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