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UNSC: यूएनएससी की स्थायी सीट के लिए जापान की दावेदारी हुई मजबूत, अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडन ने भी दिया समर्थन
Mon, 23 May 2022 12:12 PM IST
संजीव कुमार झा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Mon, 23 May 2022 12:12 PM IST
सार
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद संयुक्त राष्ट्र के छः प्रमुख अंगों में से एक है, जिसकी जिम्मेदारी अन्तरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा बनाए रखना। परिषद को अनिवार्य निर्णयों को घोषित करने का अधिकार भी है।
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बाइडन और किशिदा
- फोटो : Social media
विस्तार
जापान की राजधानी टोक्यो में क्वाड सम्मेलन से पहले अमेरिका ने बड़ी घोषणा की है। दरअसल, अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में जापान की स्थायी सीट के लिए समर्थन जाहिर किया है। टोक्यो में 24 मई को होने वाले क्वाड सम्मेलन से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडन ने बयान जारी कर कहा कि वे संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में स्थायी सदस्य के तौर पर जापान की उम्मीदवारी का समर्थन करते हैं। यह जानकारी NHK पब्लिक टेलीविजन द्वारा दी गई है। UNSC में सुधारों के लिए आवाज भी उठाई जा रही है।
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पांच स्थायी सदस्य और 10 अस्थायी सदस्य का समूह है संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में कुल 15 सदस्य हैं जिसमें पांच स्थायी सदस्य और 10 अस्थायी सदस्य जिन्हें कि दो वर्षों के लिए चुना जाता है। पांच स्थायी सदस्य संयुक्त राज्य अमेरिका, रूसी संघ, फ्रांस, चीन और ब्रिटेन हैं। इसका मुख्यालय अमेरिका के न्यूयॉर्क में है। इस समूह को P5 के नाम से भी जाना जाता है। अगर जापान को सदस्यता मिलती है तो यह P6 हो जाएगा।
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संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की भूमिका
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद संयुक्त राष्ट्र के छः प्रमुख अंगों में से एक अंग है, जिसकी जिम्मेदारी है कि अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा बनाए रखना। परिषद को अनिवार्य निर्णयों को घोषित करने का अधिकार भी है। ऐसे किसी निर्णय को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद प्रस्ताव कहा जाता है। इसे विश्व का सिपाही भी कहते है क्योंकि वैश्विक शान्ति और सुरक्षा का उत्तरदायित्व इसी के पास में है।
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