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Dark Web Drug: अमेरिका में भारतीय शख्स ने स्वीकार किए आरोप, ड्रग्स और मनी लॉन्ड्रिंग जैसी साजिशों में दोषी
Mon, 29 Jan 2024 08:12 PM IST
ज्योति भास्कर
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन
Published by: ज्योति भास्कर
Updated Mon, 29 Jan 2024 08:12 PM IST
सार
अमेरिका में भारतीय शख्स ने अदालत में खुद को दोषी मान लिया है। कोर्ट में ड्रग्स और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे आरोपों को स्वीकार करते हुए 40 साल के आरोपी ने माना कि वह इंटरनेट आधारित ड्रग्स के धंधे में संलिप्त था। क्रिप्टोकरेंसी में 150 मिलियन जब्त होने की बात भी सामने आई है।
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अमेरिका में डार्क वेब से जुड़े ड्रग्स-मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले में भारतीय दोषी (सांकेतिक फोटो)
- फोटो : amar ujala graphics
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विस्तार
अमेरिका में प्रतिबंधित पदार्थों से जुड़े धंधे में शामिल होने के आरोपों को 40 साल के भारतीय नागरिक ने स्वीकार कर लिया है। रिपोर्ट के मुताबिक आरोपी को यूनाइटेड किंगडम से प्रत्यर्पित किया गया था। आरोपों के मुताबिक इस शख्स ने डार्क वेब यानी इंटरनेट आधारित उद्योग की मदद से पूरे अमेरिका में खतरनाक दवाओं की सप्लाई किया। क्रिप्टोकरेंसी में इसने करीब 150 मिलियन अमेरिकी डॉलर जब्त भी किए। आरोपी ने ड्रग्स वितरण के इरादे से प्रतिबंधित पदार्थों को स्टॉक करने और मनी लॉन्ड्रिंग की साजिश रचने का दोष भी स्वीकार किया है।
मार्केटिंग के लिए वेबसाइट भी बनाई
डार्क वेब पर ड्रग्स और मनी लॉन्ड्रिंग के अपराध के बारे में आई खबर के मुताबिक ग्राहकों ने विक्रेता की वेबसाइट का इस्तेमाल कर क्रिप्टोकरेंसी में भुगतान किया। अमेरिकी न्याय विभाग के मुताबिक आरोपी की पहचान उत्तराखंड के हलद्वानी निवासी बनमीत सिंह के रूप में हुई है। फेंटेनाइल, एलएसडी, एक्स्टसी, ज़ैनैक्स, केटामाइन और ट्रामाडोल जैसे प्रतिबंधित पदार्थों का कारोबार करने के लिए बनमीत ने डार्कवेब का इस्तेमाल किया। मार्केटिंग के लिए वेबसाइट भी बनाया गया।
2012 से जुलाई, 2017 तक अमेरिका में फैलाए पैर
आरोपी बनमीत सिंह ने व्यक्तिगत रूप से यूएस मेल या दूसरी शिपिंग सेवाओं का इस्तेमाल कर यूरोप से अमेरिका तक दवाएं भेजी गई। उसने इसका पूरा इंतजाम किया। अमेरिकी न्याय विभाग के आपराधिक प्रभाग के कार्यवाहक सहायक अटॉर्नी जनरल निकोल एम अर्जेंटिएरी ने कहा, डार्क वेब का इस्तेमाल कर आरोपी चाहे अपनी हरकतों को छिपाने का कितनी भी साजिशें रचे, कानून का शिकंजा जरूर कसेगा। समाचार एजेंसी- पीटीआई के मुताबिक आरोपी बनमीत ने 2012 से जुलाई, 2017 तक अमेरिका के आठ प्रांतों में अपने पैर फैलाए।
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इन इलाकों में किया ड्रग्स का धंधा
जिन इलाकों में बनमीत ने कारोबार किया उसमें ओहियो, फ्लोरिडा, उत्तरी कैरोलिना, मैरीलैंड, न्यूयॉर्क, उत्तरी डकोटा और वॉशिंगटन समेत कई अन्य इलाके भी शामिल हैं। कारोबार से जुड़े लोगों को विदेशों से प्रतिबंधित दवा की शिपमेंट भेजी गई। इसके बाद कनाडा, इंग्लैंड, आयरलैंड, जमैका, स्कॉटलैंड और यूएस वर्जिन द्वीप समूह में दवाओं को दोबारा पैक किया गया। इसके बाद दवाओं को फिर से बेच दिया गया।
लंदन में गिरफ्तारी, 2023 में अमेरिका प्रत्यर्पण
अप्रैल 2019 में आरोपी बनमीत सिंह को लंदन में गिरफ्तार किया गया। अमेरिका ने 2023 में उसका सुरक्षित प्रत्यर्पण किया। आरोपी को आठ साल जेल की सजा हो सकती है। सजा कब सुनाई जाएगी, इसकी तारीख अभी सामने नहीं आई है। संघीय जिला अदालत के न्यायाधीश अमेरिकी कानून के तहत सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद सजा का एलान करेंगे।
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मार्केटिंग के लिए वेबसाइट भी बनाई
डार्क वेब पर ड्रग्स और मनी लॉन्ड्रिंग के अपराध के बारे में आई खबर के मुताबिक ग्राहकों ने विक्रेता की वेबसाइट का इस्तेमाल कर क्रिप्टोकरेंसी में भुगतान किया। अमेरिकी न्याय विभाग के मुताबिक आरोपी की पहचान उत्तराखंड के हलद्वानी निवासी बनमीत सिंह के रूप में हुई है। फेंटेनाइल, एलएसडी, एक्स्टसी, ज़ैनैक्स, केटामाइन और ट्रामाडोल जैसे प्रतिबंधित पदार्थों का कारोबार करने के लिए बनमीत ने डार्कवेब का इस्तेमाल किया। मार्केटिंग के लिए वेबसाइट भी बनाया गया।
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2012 से जुलाई, 2017 तक अमेरिका में फैलाए पैर
आरोपी बनमीत सिंह ने व्यक्तिगत रूप से यूएस मेल या दूसरी शिपिंग सेवाओं का इस्तेमाल कर यूरोप से अमेरिका तक दवाएं भेजी गई। उसने इसका पूरा इंतजाम किया। अमेरिकी न्याय विभाग के आपराधिक प्रभाग के कार्यवाहक सहायक अटॉर्नी जनरल निकोल एम अर्जेंटिएरी ने कहा, डार्क वेब का इस्तेमाल कर आरोपी चाहे अपनी हरकतों को छिपाने का कितनी भी साजिशें रचे, कानून का शिकंजा जरूर कसेगा। समाचार एजेंसी- पीटीआई के मुताबिक आरोपी बनमीत ने 2012 से जुलाई, 2017 तक अमेरिका के आठ प्रांतों में अपने पैर फैलाए।
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इन इलाकों में किया ड्रग्स का धंधा
जिन इलाकों में बनमीत ने कारोबार किया उसमें ओहियो, फ्लोरिडा, उत्तरी कैरोलिना, मैरीलैंड, न्यूयॉर्क, उत्तरी डकोटा और वॉशिंगटन समेत कई अन्य इलाके भी शामिल हैं। कारोबार से जुड़े लोगों को विदेशों से प्रतिबंधित दवा की शिपमेंट भेजी गई। इसके बाद कनाडा, इंग्लैंड, आयरलैंड, जमैका, स्कॉटलैंड और यूएस वर्जिन द्वीप समूह में दवाओं को दोबारा पैक किया गया। इसके बाद दवाओं को फिर से बेच दिया गया।
लंदन में गिरफ्तारी, 2023 में अमेरिका प्रत्यर्पण
अप्रैल 2019 में आरोपी बनमीत सिंह को लंदन में गिरफ्तार किया गया। अमेरिका ने 2023 में उसका सुरक्षित प्रत्यर्पण किया। आरोपी को आठ साल जेल की सजा हो सकती है। सजा कब सुनाई जाएगी, इसकी तारीख अभी सामने नहीं आई है। संघीय जिला अदालत के न्यायाधीश अमेरिकी कानून के तहत सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद सजा का एलान करेंगे।