फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Taliban says all safe in Afghanistan, we will not take revenge on anyone, let the global community recognize us

तालिबान : अफगानिस्तान में सब सुरक्षित, हम किसी से बदला नहीं लेंगे, वैश्विक समुदाय दे हमें मान्यता

Wed, 18 Aug 2021 02:58 AM IST
Kuldeep Singh एजेंसी, काबुल
एजेंसी, काबुल Published by: Kuldeep Singh Updated Wed, 18 Aug 2021 02:58 AM IST
सार

  • तालिबान ने मंगलवार को वैश्विक समुदाय को आश्वस्त करने का प्रयास किया कि तालिबान देश में 1990 में थोपी गई क्रूर सत्ता वाली भूमिका से बाहर आ चुका है।

विज्ञापन
Taliban says all safe in Afghanistan, we will not take revenge on anyone, let the global community recognize us
तालिबान - फोटो : पीटीआई

विस्तार

तालिबान ने मंगलवार को वैश्विक समुदाय को आश्वस्त करने का प्रयास किया कि तालिबान देश में 1990 में थोपी गई क्रूर सत्ता वाली भूमिका से बाहर आ चुका है। तालिबान ने भरोसा दिया कि वे किसी भी देश या व्यक्ति के खिलाफ बदले की कार्रवाई नहीं करने जा रहे हैं। साथ ही महिलाओं से लेकर युवाओं और मीडिया तक की स्थिति भी अपने शासन में स्पष्ट करने का प्रयास किया।

विज्ञापन


कई सालों से परदे के पीछे रहकर तालिबान का पक्ष रखने वाले तालिबान प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद पहली बार दुनिया के सामने सार्वजनिक तौर पर पेश हुए। उन्होंने अपनी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, हम कोई भी आंतरिक या बाहरी दुश्मन नहीं चाहते। हम अन्य देशों के साथ शांतिपूर्ण संबंध बनाना चाहते हैं। उन्होंने वैश्विक समुदाय से तालिबान शासन को मान्यता देने की अपील की।
विज्ञापन


मुजाहिद ने कहा, हम अमेरिका समेत समस्त वैश्विक समुदाय और अपने पड़ोसियों को आश्वस्त करना चाहते हैं कि हमारी जमीन से आपको नुकसान नहीं पहुंचने दिया जाएगा। हम अपनी धरती का इस्तेमाल दुनिया में किसी भी व्यक्ति या देश के खिलाफ नहीं होने देंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


तालिबान प्रवक्ता ने कहा, अफगानिस्तान में सब सुरक्षित हैं। हम किसी से बदला नहीं लेंगे। पूर्व अफगान सरकार के सदस्य, सैनिकों के साथ ही विदेशी सेनाओं के साथ काम करने वाले ठेकेदारों और अनुवादकों, सभी अपने नेता के आदेश पर हमने माफ कर दिया है और हम सभी की सुरक्षा की गारंटी लेते हैं। कोई भी आपका दरवाजा खटखटाने नहीं जा रहा है।

बनाएंगे ऐसी सरकार, जिसमें सभी पक्ष होंगे शामिल
तालिबान प्रवक्ता ने कहा, हम एक ऐसी सरकार गठित करना चाहते हैं, जिसमें सभी पक्ष शामिल हों। उन्होंने कहा, हम लड़ाई का अंत चाहते हैं।

स्वतंत्रता सभी देशों का अधिकार है
तालिबान प्रवक्ता ने सभी अफगान नागरिकों को 20 साल की ‘गुलामी’ से बंधनमुक्त होने की बधाई दी। साथ ही कहा, स्वतंत्रता और स्वायत्तता हर देश का कानूनी अधिकार है। मुजाहिद ने कहा, हमें अफगानिस्तान को आजाद कराने का गर्व है।

हम अंतरराष्ट्रीय समुदाय को कोई परेशानी नहीं देना चाहते हैं। हमारे पास अपने धर्म के हिसाब से चलने का अधिकार है। दूसरे देशों में अलग नीतियां हैं, अलग धर्म हैं। हम सभी के नियमों का सम्मान करते हैं। हम भी उसी तरह अपने सिद्धांतों के हिसाब से अपनी नीतियां बनाना चाहते हैं। किसी को हमारे नियमों और सिद्धांतों की चिंता नहीं होनी चाहिए।

मीडिया को दिया आजाद रहने का भरोसा
तालिबान प्रवक्ता ने कहा, हम निजी मीडिया को स्वतंत्र रूप से काम करते रहने का भरोसा देना चाहते हैं। वे हमारी आलोचना भी करें, ताकि हम बेहतर काम कर सकें। लेकिन मीडिया राष्ट्रीय सिद्धांतों के खिलाफ काम न करे। इस्लाम हमारे देश का सबसे अहम सिद्धांत है। मीडिया अपने कार्यक्रमों में इस्लाम के सिद्धांतों को भी दिखाए।

अफगान युवा देश की सेवा करें
तालिबान प्रवक्ता ने कहा, हम चाहते हैं कि अफगानिस्तान के लोग राष्ट्रीय एकता और राष्ट्रीय मूल्यों को महत्व दें। जो युवा अफगानिस्तान में पैदा हुए हैं और जिनमें प्रतिभा है, हम चाहते हैं कि वे यहीं रहें और अपने देश की सेवा करें।

इस्लामी कानून के दायरे में महिलाओं के अधिकार सुरक्षित
तालिबान के संस्कृति आयोग के सदस्य इनामुल्लाह समंगानी के बाद मुजाहिद ने भी इस बात पर जोर दिया कि महिलाओं को तालिबान शासन में कोई परेशानी नहीं होगी। उन्होंने कहा, महिलाएं समाज में बेहद सक्रिय रहेंगी। लेकिन उनकी सक्रियता इस्लाम के दायरे में ही रहेगी। इस्लामी अमीरात महिलाओं को शरीयत के हिसाब से अधिकार देगी। वे शिक्षा, स्वास्थ्य और अलग-अलग क्षेत्रों में काम करेंगी। अंतरराष्ट्रीय समुदायों को महिला अधिकारों को लेकर चिंता है, हम ये भरोसा देते हैं कि किसी के अधिकारों का उल्लंघन नहीं होगा।

अफगानिस्तान में निवेश का करेंगे स्वागत
मुजाहिद ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अफगानिस्तान में निवेश की अपील की। उन्होंने कहा, हम अर्थव्यवस्था और इंफ्रास्ट्रक्चर को विकसित करेंगे। इस्लामी अमीरात को समृद्ध करेंगे। हम समूचे अंतराष्ट्रीय समुदाय से निवेश की अपील करते हैं। हम कारोबार को चलने देंगे और सुरक्षा देंगे।

अफीम की खेती का गढ़ नहीं होगा अफगानिस्तान
तालिबान प्रवक्ता ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय को आश्वस्त किया कि अफगानिस्तान अब नशे के व्यापार के लिए अफीम की खेती का गढ़ नहीं होगा। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अफीम की खेती के विकल्पों को प्रोत्साहित करने के लिए मदद देने की अपील की।  

उप राष्ट्रपति सालेह ने घोषित किया खुद को कार्यवाहक राष्ट्रपति
काबुल। अफगानिस्तान के प्रथम उप राष्ट्रपति अमरुल्लाह सालेह ने खुद को देश कार्यवाहक राष्ट्रपति घोषित कर दिया है। सालेह ने एक ट्वीट में अपने देश में ही मौजूद होने की पुष्टि की और कहा, स्पष्ट करना चाहता हूं कि संविधान के मुताबिक, राष्ट्रपति की अनुपस्थिति, भाग जाने, इस्तीफे या मौत की स्थिति में प्रथम उप राष्ट्रपति ही कार्यवाहक राष्ट्रपति होता है। मैं फिलहाल देश में ही हूं और मैं अब कार्यवाहक राष्ट्रपति हूं। मैं सभी नेताओं से उनके समर्थन और सहमति की अपील करता हूं।

तालिबान के राजनीतिक कार्यालय के प्रमुख मुल्ला बरादर कतर की राजधानी दोहा से अफगानिस्तान के कंधार राज्य में पहुंच गए हैं। तालिबान प्रवक्ता ने ट्वीट में बताया कि मुल्ला बरादर के साथ एक तालिबान प्रतिनिधिमंडल भी है, जिसमें 2001 में हटाई गई तालिबान सरकार के रक्षा मंत्री मुल्ला फजल भी शामिल हैं।

मुल्ला अब्दुल गनी बरादर को तालिबान के सह संस्थापकों में से एक माना जाता है। दोहा में वैश्विक समुदाय से वे ही वार्ता कर रहे थे। मुल्ला उमर के सबसे विश्वसनीय कमांडरों में से एक रहे मुल्ला बरादर को 2010 में पाकिस्तान के कराची में गिरफ्तार कर लिया गया था, जहां से 2018 में उन्हें अमेरिका से वार्ता शुरू करने के लिए रिहा किया गया था।

आज से रोजाना 5 से 9 हजार लोग निकालेगा अमेरिका
वॉशिंगटन। अमेरिका बुधवार से रोजाना अफगानिस्तान से 5 से 9 हजार लोगों को निकालेगा। अमेरिकी सेना के मेजर जनर विलियम टेलर ने कहा, बुधवार से काबुल एयरपोर्ट से हर घंटे में एक विमान निकालने की योजना है। हमारे करीब 4000 जवान मौके पर मौजूद हैं और एयरपोर्ट की सुरक्षा कर रहे हैं। लोगों को निकालने का सिलसिला व्हाइट हाउस की तरफ से अफगानिस्तान में दूतावास के लिय तय 31 अगस्त की आखिरी तारीख तक चलेगा।

युगांडा देगा 2 हजार अफगानों को शरण
युगांडा ने अमेरिका के आग्रह पर 2 हजार अफगान शरणाथियों को अस्थायी तौर पर अपने यहां जगह देने की हामी भर दी है। अमेरिकी सेना की मदद करने वाले ये लोग तालिबान के काबुल पर कब्जे के बाद वहां से एयर लिफ्ट किए जा रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed