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Sri Lanka Crisis: राष्ट्रपति राजपक्षे के खिलाफ जनता का विरोध-प्रदर्शन तेज, एसजेबी और जेवीपी ने अंतरिम सरकार बनाने का अनुरोध किया खारिज 

Mon, 04 Apr 2022 07:29 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, कोलंबो
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, कोलंबो Published by: प्रांजुल श्रीवास्तव Updated Mon, 04 Apr 2022 07:29 PM IST
सार

राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे ने सभी राजनीतिक दलों को मंत्रालय में शामिल होने का आमंत्रण भेजा है। उन्होंने कहा कि, सभी दल मिलकर राष्ट्रीय संकट का समाधान निकालें। 

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Sri Lanka Crisis all updates President Gotabaya Rajapaksa invites all political parties in the country to join the Ministry
गोटबाया राजपक्षे - फोटो : twitter

विस्तार

कोलंबो में जारी आर्थिक संकट के बीच राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे के खिलाफ लोगों का विरोध प्रदर्शन बढ़ता जा रहा है। स्थानीय लोगों ने आज श्रीलंका सरकार के खिलाफ इंडिपेंडेंस स्क्वायर पर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी राष्ट्रपति राजपक्षे के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। उधर, श्रीलंकाई संसद में नेता विपक्ष सजिथ प्रेमदासा ने बताया कि श्रीलंका के दो मुख्य विपक्षी दलों, एसजेबी और जेवीपी ने राष्ट्रपति के सर्वदलीय अंतरिम सरकार बनाने के अनुरोध को खारिज कर दिया है। इनका कहना है कि राष्ट्रपति को इस्तीफा दे देना चाहिए। 

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सांसद बोले, भारत कर रहा हमारी मदद
वहीं, राष्ट्रपति राजपक्षे के साथ सर्वदलीय बैठक के बाद श्रीलंका पोदुजाना पेरामुना के महासचिव व सांसद सागर करियावासम ने कहा कि हमारी सरकार बचेगी। हमारे पास संसद में बहुमत है। राष्ट्रपति राजपक्षे इस्तीफा नहीं देंगे। हम विदेशी मुद्रा की समस्या से जूझ रहे हैं और हमें एक स्थायी समाधान खोजने की जरूरत है। करियावासम ने कहा कि भारत हमारा पड़ोसी है और इसने हमेशा हमारी मदद की है। इस बार भी भारत हमारी मदद कर रहा है और हम उस पर निर्भर हैं। 
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राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे ने सभी दलों को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित किया था। गोटबाया राजपक्षे ने सभी दलों से अपील की थी कि मंत्रालय में शामिल होकर सभी दल देश में आए संकट का समाधान निकालें। दरअसल, श्रीलंका में हिंसा और राजनीतिक अटकलों के बीच देर रात मंत्रिमंडल ने सामूहिक इस्तीफा दे दिया था। हालांकि, प्रधानमंत्री महिंदा राजपेक्ष ने अपना इस्तीफा नहीं सौंपा था।  

उन्होंने कहा कि, वर्तमान संकट आर्थिक और वैश्विक कारणों से उभरा है। आने वाली पीढ़ियों और राष्ट्रहित के लिए हम सभी को मिलकर काम करने की आवश्यकता है। उन्होंने सभी पार्टी के प्रतिनिधियों को सरकार में मंत्री पद के लिए आमंत्रित किया है। 



श्रीलंका के विपक्ष ने पीएम मोदी से की अपील
श्रीलंका के विपक्ष के नेता साजिथ प्रेमदासा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मदद की अपील की। उन्होंने कहा कि, हमारी यथासंभव मदद करें। यह हमारी मातृभूमि है। इसके बचाने में हमारी मदद करें। वहीं चुनाव के सवाल पर उन्होंने कहा कि, हम सभी चीजों के लिए तैयार हैं। 

चार नए मंत्रियों ने ली शपथ
श्रीलंका में आपातकाल और मंत्रिमंडल के सामूहिक इस्तीफे के बाद चार नए मंत्रियों ने सोमवार को शपथ ली है। इसमें वित्त मंत्री से लेकर विदेश मंत्री तक शामिल हैं। राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे के सामने अली साबरी ने वित्त मंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की। उन्होंने बेसिल राजपक्षे की जगह मंत्रिमंडल में शामिल किया गया। वहीं जीएल पेइरिस नए विदेश मंत्री होंगे। दिनेश गुणवर्धने को शिक्षा मंत्री बनाया गया है तो जॉनसन फर्नांडो राजमार्ग मंत्रालय संभालेंगे। 

केंद्रीय बैंक के गवर्नर ने दिया इस्तीफा
श्रीलंका के केंद्रीय बैंक के गवर्नर अजित निवार्ड कैब्राल ने सोमवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। करीब सात महीने पहले यह पद संभालने वाले 67 वर्षीय कैब्राल ने एक ट्वीट कर अपने इस्तीफे की घोषणा की। 

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