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Hindi News ›   World ›   On 32nd anniversary of the Tiananmen Square massacre people searched for tank man but found no result Microsoft clarified

थियानमेन चौक नरसंहार: 32वीं बरसी पर लोगों ने सर्च किया 'टैंक मैन', नहीं मिला कोई परिणाम, माइक्रोसॉफ्ट ने दी सफाई

Sat, 05 Jun 2021 09:28 AM IST
प्रियंका तिवारी वर्ल्ड डेस्क, अमर अजाला, वाशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर अजाला, वाशिंगटन Published by: प्रियंका तिवारी Updated Sat, 05 Jun 2021 09:28 AM IST
सार

थियानमेन चौक नरसंहार की 32वीं बरसी पर जब माइक्रोसॉफ्ट के सर्च इंजन बिंग पर यूजर्स ने ‘टैंक मैन’ को सर्च किया तो उन्हें मैसेज लिख हुआ मिला, ‘टैंक मैन के लिए कोई परिणाम नहीं हैं।’ दुनियाभर के यूजर्स के शिकायत के बाद माइक्रोसॉफ्ट ने इस घटना को लेकर अपनी सफाई दी।

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On 32nd anniversary of the Tiananmen Square massacre people searched for tank man but found no result Microsoft clarified
5 जून 1989 को थियानमेन स्क्वायर पर सैन्य टैंकों के सामने खड़ा हो गया था प्रदर्शनकारी। इसे टैंक मैन कहा गया। - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

चीन के लोगों के लिए 4 जून 1989 का दिन काल बनकर आया था। इस दिन कम्युनिस्ट पार्टी के उदारवादी नेता हू याओबैंग की मौत के बाद हजारों छात्र पेइचिंग के थियानमेन चौक पर प्रदर्शन कर रहे थे तभी चीनी सरकार ने उन पर सैन्य कार्रवाई करते हुए फायरिंग शुरू करवा दी। सेना ने प्रदर्शनकारियों पर टैंक चढ़ा दिए थे। चीन के स्थानीय लोगों का कहना है कि इस घटना में तीन हजार लोग मारे गए थे। वहीं, चीन की सरकार कहती है कि 200 से 300 लोग मारे गए थे जबकि यूरोपीय मीडिया ने 10 हजार लोगों के नरसंहार की आशंका जताई थी। कल यानी शुक्रवार (4 जून) को थियानमेन चौक नरसंहार की 32वीं बरसी थी। ऐसे में जब लोगों ने इस घटना को लेकर माइक्रोसॉफ्ट के सर्च इंजन बिंग पर ‘टैंक मैन’ की तस्वीर सर्च की तो उन्हें रिजल्ट में कुछ भी नहीं दिखा। इसके बाद माइक्रोसॉफ्ट कॉरपोरेशन ने सफाई देते हुए इसे मानवीय गलती बताया। 

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‘टैंक मैन’ के सर्च पर कोई परिणाम नहीं मिला
बता दें ‘टैंक मैन’ का इस्तेमाल एक अज्ञात व्यक्ति का वर्णन करने के लिए किया जाता है, जो जून 1989 में लोकतंत्र समर्थक प्रदर्शनों के दौरान चीन के थियानमेन स्क्वायर में टैंकों के सामने खड़े होने के लिए प्रसिद्ध है। जब संयुक्त राज्य अमेरिका और अन्य जगहों पर लोगों ने बिंग पर टैंक मैन को सर्च किया तो उन्हें कोई परिणाम नहीं मिला। यूनाइटेड किंगडम, जर्मनी और सिंगापुर सहित उपयोगकर्ताओं ने शुक्रवार को बताया कि जब उन्होंने बिंग पर टैंक मैन सर्च किया तो संदेश लिखा हुआ आया, ‘टैंक मैन के लिए कोई परिणाम नहीं हैं।’ ऐसे में उपयोगकर्ताओं ने थियानमेन स्क्वायर नरसंहार से संबंधित जानकारियों पर संभावित सेंसरशिप के बारे में चिंता जताई। इस पर माइक्रोसॉफ्ट ने कहा कि यूजर्स को यह समस्या एक मानवीय गलती के कारण हुई और हम इसे हल करने के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं। इधर, माइक्रोसॉफ्ट द्वारा इस मुद्दे को स्वीकार करने के कुछ घंटों बाद जब बिंग यूजर्स ने ‘टैंक मैन’ शब्द को सर्च किया तो उन्हें परिणाम में दुनियाभर के लड़ाकू टैंकों की तस्वीरें मिलने लगीं। 
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सबूत मिटा रहा चीन
मालूम हो कि चीन में मीडिया के ऊपर लगे कड़े सेंसरशिप के कारण आज भी उस घटना से जुड़ी कई अहम जानकारियां उपलब्ध नहीं हैं। चीन की सरकारी मीडिया कम्युनिस्ट पार्टी के आदेश पर केवल वही बातें ही बताती हैं जो उनके अपने फायदे की होती हैं। एक रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि चीन थियानमेन चौक नरसंहार से जुड़े सारे सबूत मिटा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक चीन की सरकार इस घटना से जुड़े तीन हजार से अधिक सबूतों को मिटा चुका है तो कुछ को सेंसर कर दिया है।

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