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Norway: नॉर्वे में कड़े मुकाबले में जीती लेबर पार्टी, चार साल और सरकार का नेतृत्व करेंगे पीएम जोनास स्टोरे
Tue, 09 Sep 2025 09:01 AM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ओस्लो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ओस्लो
Published by: नितिन गौतम
Updated Tue, 09 Sep 2025 09:01 AM IST
सार
लेबर पार्टी को 28 प्रतिशत वोट मिले और सेंटर लेफ्ट पार्टी ने लेबर पार्टी को समर्थन दिया है। 169 सदस्यीय नॉर्वे की संसद में लेबर पार्टी के नेतृत्व वाले गठबंधन को कुल 88 सीटों पर जीत मिली है।
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नॉर्वे के पीएम
- फोटो : यूएन
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विस्तार
नॉर्वे के आम चुनाव के नतीजे आ चुके हैं और सत्ताधारी लेबर पार्टी ने एक बार फिर जीत हासिल की है। हालांकि लेबर पार्टी को बेहद कड़े मुकाबले में जीत हासिल हुई। नॉर्वे के प्रधानमंत्री और लेबर पार्टी के नेता जोनास गार स्टोरे ने जीत का एलान किया। लेबर पार्टी ने टैक्स और जनकल्याणकारी नीतियों का डर दिखाकर मतदाताओं को अपने पक्ष में किया, जिसका उसे फायदा हुआ।
नॉर्वे के आम चुनाव में बेहद कड़ा रहा मुकाबला
नॉर्वे में भी दक्षिणपंथी राजनीति का उभार हो रहा है और आम चुनाव के दौरान मतदाताओं के रुझान ने भी बता दिया कि नॉर्वे में भी आने वाले समय में दक्षिणपंथी पार्टियां सत्ता पर काबिज हो सकती हैं। नॉर्वे के प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोरे अगले चार साल और देश का नेतृत्व करेंगे। लेबर पार्टी की जीत का अंतर महज 2.5 प्रतिशत रहा। लेबर पार्टी को 28 प्रतिशत वोट मिले और सेंटर लेफ्ट पार्टी ने लेबर पार्टी को समर्थन दिया है। 169 सदस्यीय नॉर्वे की संसद में लेबर पार्टी के नेतृत्व वाले गठबंधन को कुल 88 सीटों पर जीत मिली है।
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अप्रवासन विरोधी पार्टी की लोकप्रियता में आया उछाल
अप्रवासन विरोधी एंटी इमीग्रेशन प्रोग्रेस पार्टी को रिकॉर्ड 24 प्रतिशत मत मिले हैं। कंजर्वेटिव पार्टी को सिर्फ 15 प्रतिशत मत मिले हैं और यह पार्टी का बीते दो दशकों में सबसे खराब प्रदर्शन है। नॉर्वे के आम चुनाव में अप्रवासन, टैक्स और जनकल्याणकारी नीतियां प्रमुख मुद्दे रहे। हालांकि रूस-यूक्रेन युद्ध और अमेरिका की टैरिफ नीतियों के बीच मौजूदा सरकार के ही सत्ता में बने रहना नॉर्वे में हित में जा सकता है।
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नॉर्वे के आम चुनाव में बेहद कड़ा रहा मुकाबला
नॉर्वे में भी दक्षिणपंथी राजनीति का उभार हो रहा है और आम चुनाव के दौरान मतदाताओं के रुझान ने भी बता दिया कि नॉर्वे में भी आने वाले समय में दक्षिणपंथी पार्टियां सत्ता पर काबिज हो सकती हैं। नॉर्वे के प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोरे अगले चार साल और देश का नेतृत्व करेंगे। लेबर पार्टी की जीत का अंतर महज 2.5 प्रतिशत रहा। लेबर पार्टी को 28 प्रतिशत वोट मिले और सेंटर लेफ्ट पार्टी ने लेबर पार्टी को समर्थन दिया है। 169 सदस्यीय नॉर्वे की संसद में लेबर पार्टी के नेतृत्व वाले गठबंधन को कुल 88 सीटों पर जीत मिली है।
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अप्रवासन विरोधी पार्टी की लोकप्रियता में आया उछाल
अप्रवासन विरोधी एंटी इमीग्रेशन प्रोग्रेस पार्टी को रिकॉर्ड 24 प्रतिशत मत मिले हैं। कंजर्वेटिव पार्टी को सिर्फ 15 प्रतिशत मत मिले हैं और यह पार्टी का बीते दो दशकों में सबसे खराब प्रदर्शन है। नॉर्वे के आम चुनाव में अप्रवासन, टैक्स और जनकल्याणकारी नीतियां प्रमुख मुद्दे रहे। हालांकि रूस-यूक्रेन युद्ध और अमेरिका की टैरिफ नीतियों के बीच मौजूदा सरकार के ही सत्ता में बने रहना नॉर्वे में हित में जा सकता है।
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