{"_id":"6697b3874e7ac379490a9af3","slug":"nepal-pm-oli-to-seek-vote-of-confidence-on-sunday-report-2024-07-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Nepal PM Oli: 21 जुलाई को नेपाल के प्रधानमंत्री ओली की अग्निपरीक्षा; संसद में हासिल करेंगे विश्वास मत","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Nepal PM Oli: 21 जुलाई को नेपाल के प्रधानमंत्री ओली की अग्निपरीक्षा; संसद में हासिल करेंगे विश्वास मत
Wed, 17 Jul 2024 05:35 PM IST
अभिषेक दीक्षित
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, काठमांडू
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Wed, 17 Jul 2024 05:35 PM IST
सार
इससे पहले नेपाल की सबसे बड़ी कम्युनिस्ट पार्टी के नेता को रविवार को राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने प्रधानमंत्री नियुक्त किया था। ओली संसद में सबसे बड़ी पार्टी नेपाली कांग्रेस (एनसी) तथा अन्य छोटे दलों के साथ गठबंधन सरकार का नेतृत्व करेंगे।
विज्ञापन
KP Sharma Oli
- फोटो : Amar Ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली 21 जुलाई को संसद में विश्वास मत हासिल करेंगे। पीएम ओली ने बीते सोमवार को चौथी बार इस हिमालयी देश के प्रधानमंत्री के रूप में शपथ ली थी। मीडिया रिपोर्ट में कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल-यूनीफाइड मार्क्सिस्ट लेनिनिस्ट (सीपीएन-यूएमएल) के मुख्य सचेतक महेश बरतौला के हवाले से बताया गया कि प्रधानमंत्री ओली रविवार को विश्वास मत हासिल करेंगे
विज्ञापन
सरकार बनाने के लिए न्यूनतम संख्या 138
नेपाल के संविधान के मुताबिक, ओली को जिम्मेदारी संभालने के 30 दिन के भीतर संसद से विश्वास मत हासिल करना होगा। उम्मीद जताई जा रही है कि ओली ऐसा आसानी से कर लेंगे, क्योंकि 275 सदस्यीय प्रतिनिधि सभा में सरकार बनाने के लिए न्यूनतम संख्या 138 है।
विज्ञापन
नेपाल में पिछले 16 साल में 14 सरकारें
इससे पहले नेपाल की सबसे बड़ी कम्युनिस्ट पार्टी के नेता को रविवार को राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल ने प्रधानमंत्री नियुक्त किया था। ओली संसद में सबसे बड़ी पार्टी नेपाली कांग्रेस (एनसी) तथा अन्य छोटे दलों के साथ गठबंधन सरकार का नेतृत्व करेंगे। नेपाल में पिछले 16 साल में 14 सरकारें बनी हैं। उन्होंने पुष्प कमल दहल ‘प्रचंड’ की जगह ली है, जो पिछले हफ्ते प्रतिनिधि सभा में विश्वास मत हासिल नहीं कर पाए थे।
विज्ञापन
सुप्रीम कोर्ट में भी होगी सुनवाई
ओली के शपथ ग्रहण समारोह के कुछ ही घंटों के अंदर ही तीन अधिवक्ताओं दीपक अधिकारी, खगेंद्र प्रसाद चापागेन और शैलेंद्र कुमार गुप्ता ने नेपाल की सुप्रीम कोर्ट में एक रिट याचिका दायर की। इसमें उन्होंने ओली की पीएम पद पर नियुक्ति को चुनौती दी और इसे असंवैधानिक बताया। उनकी दलील है कि यदि अनुच्छेद 76 (2) के अनुसार बनी सरकार प्रतिनिधि सभा में शक्ति परीक्षण में विफल रहती है तो राष्ट्रपति को अनुच्छेद 76 (3) के तहत नई सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले की सुनवाई के लिए 21 जुलाई की तारीख तय की है।