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India-China Ties: 'दोस्ताना संबंधों के लिए जरूरी कदम', उड़ानों की बहाली पर चीन बोला- दोनों देशों को होगा लाभ
Fri, 24 Oct 2025 08:22 PM IST
हिमांशु चंदेल
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
Published by: हिमांशु चंदेल
Updated Fri, 24 Oct 2025 08:22 PM IST
सार
India-China Relations: भारत और चीन 26 अक्तूबर से फ्लाइट सेवाओं को बहाल करेंगे। इंडिगो कोलकाता-गुआंगझौ और दिल्ली-गुआंगझौ, जबकि चाइना ईस्टर्न शंघाई-दिल्ली मार्ग पर उड़ानें शुरू करेगा। चीन ने इसे मित्रता बढ़ाने वाला एक सकारात्मक कदम बताया। इसके साथ ही कहा कि इस फैसले से दोनों देशों को फायदा होगा।
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चीन और भारत
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
चीन ने शुक्रवार को कहा कि वह भारत के साथ अपने संबंधों को रणनीतिक और दीर्घकालीन दृष्टिकोण से देखता है। दोनों देशों के बीच 26 अक्टूबर से फ्लाइट सेवाओं की बहाली को चीन ने सकारात्मक कदम करार दिया, जो 2.8 अरब लोगों के बीच मित्रवत आदान-प्रदान को बढ़ावा देगा। भारत ने दो अक्तूबर को घोषणा की थी कि चीन के लिए सीधी फ्लाइट्स 26 अक्टूबर से फिर से शुरू होंगी।
इंडिगो ने घोषणा की कि वह 26 अक्तूबर से कोलकाता से गुआंगझौ के लिए फ्लाइट और 10 नवंबर से दिल्ली से गुआंगझौ के लिए उड़ानें फिर से शुरू करेगा। वहीं, चीन की एयरलाइन चाइना ईस्टर्न नौ नवंबर से शंघाई से दिल्ली के लिए उड़ानें शुरू करेगी। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गुओ जियाकुन ने बताया कि यह कदम दोनों देशों के बीच समझौतों को लागू करने में नवीनतम प्रगति है।
रणनीतिक और लंबी अवधि के संबंध
गुओ ने कहा कि चीन भारत के साथ संबंधों को दीर्घकालीन दृष्टिकोण से देखना चाहता है, द्विपक्षीय संबंधों के स्वस्थ और स्थिर विकास को बढ़ावा देना चाहता है, जिससे दोनों देशों और उनके लोगों को लाभ मिले। यह कदम एशिया और विश्व में शांति और समृद्धि बनाए रखने में योगदान देगा।
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फ्लाइट निलंबन और सीमा तनाव
कोविड महामारी के कारण 2020 में दोनों देशों के बीच फ्लाइट सेवाओं को निलंबित किया गया था। इसके बाद पूर्वी लद्दाख में चार साल से अधिक समय तक सीमा पर तनाव के चलते सेवाओं को फिर से बहाल नहीं किया गया। पिछले साल अक्टूबर में, दोनों देशों ने डेपसांग और डेमचोक के तनाव बिंदुओं पर सैनिकों को हटाने के लिए समझौता किया।
ये भी पढ़ें- एकता दिवस की भव्य परेड, इस बार CRPF के पांच शौर्य चक्र व BSF के 16 वीरता पदक विजेता होंगे शामिल
द्विपक्षीय संबंधों में सुधार की पहल
गालवां घाटी संघर्ष के बाद भारत-चीन संबंध 1962 के युद्ध के बाद सबसे निचले स्तर पर पहुंचे थे। इसके बाद कई कूटनीतिक और सैन्य वार्ताओं के बाद दोनों पक्षों ने कई तनाव बिंदुओं से अपने सैनिक वापस ले लिए। पिछले कुछ महीनों में, दोनों देशों ने कायरलाश मानसरोवर यात्रा की बहाली सहित कई कदम उठाए हैं, ताकि आपसी संबंधों को सुधारने में मदद मिले।
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इंडिगो ने घोषणा की कि वह 26 अक्तूबर से कोलकाता से गुआंगझौ के लिए फ्लाइट और 10 नवंबर से दिल्ली से गुआंगझौ के लिए उड़ानें फिर से शुरू करेगा। वहीं, चीन की एयरलाइन चाइना ईस्टर्न नौ नवंबर से शंघाई से दिल्ली के लिए उड़ानें शुरू करेगी। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गुओ जियाकुन ने बताया कि यह कदम दोनों देशों के बीच समझौतों को लागू करने में नवीनतम प्रगति है।
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रणनीतिक और लंबी अवधि के संबंध
गुओ ने कहा कि चीन भारत के साथ संबंधों को दीर्घकालीन दृष्टिकोण से देखना चाहता है, द्विपक्षीय संबंधों के स्वस्थ और स्थिर विकास को बढ़ावा देना चाहता है, जिससे दोनों देशों और उनके लोगों को लाभ मिले। यह कदम एशिया और विश्व में शांति और समृद्धि बनाए रखने में योगदान देगा।
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फ्लाइट निलंबन और सीमा तनाव
कोविड महामारी के कारण 2020 में दोनों देशों के बीच फ्लाइट सेवाओं को निलंबित किया गया था। इसके बाद पूर्वी लद्दाख में चार साल से अधिक समय तक सीमा पर तनाव के चलते सेवाओं को फिर से बहाल नहीं किया गया। पिछले साल अक्टूबर में, दोनों देशों ने डेपसांग और डेमचोक के तनाव बिंदुओं पर सैनिकों को हटाने के लिए समझौता किया।
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द्विपक्षीय संबंधों में सुधार की पहल
गालवां घाटी संघर्ष के बाद भारत-चीन संबंध 1962 के युद्ध के बाद सबसे निचले स्तर पर पहुंचे थे। इसके बाद कई कूटनीतिक और सैन्य वार्ताओं के बाद दोनों पक्षों ने कई तनाव बिंदुओं से अपने सैनिक वापस ले लिए। पिछले कुछ महीनों में, दोनों देशों ने कायरलाश मानसरोवर यात्रा की बहाली सहित कई कदम उठाए हैं, ताकि आपसी संबंधों को सुधारने में मदद मिले।
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