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बोत्सवाना में रहस्यमय तरीके से 350 हाथियों की मौत, वैज्ञानिकों ने सरकार से की जांच की मांग
Fri, 03 Jul 2020 08:44 AM IST
आसिम खान
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Published by: आसिम खान
Updated Fri, 03 Jul 2020 08:44 AM IST
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अफ्रीकी देश बोत्सवाना में रहस्यमय तरीके से लगातार हाथियों की मौत हो रही है। हाथियों की मौत का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है। पिछले दो महीने में 350 से अधिक हाथियों की मौत हुई है। अफ्रीका में सबसे ज्यादा हाथी यहीं पाए जाते हैं।
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हालांकि, दो महीने से अधिक समय बीतने के बाद भी हाथियों की मौत की वजह पता नहीं चल पाई है। हाथियों की रहस्यमय मौत का पहला मामला मई में सामने आया था। इसके बाद लगातार मौत हुईं और जून के अंत तक आंकड़ा 350 को पार कर गया है।
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बता दें कि इससे पहले जिम्बाब्वे में शिकारियों द्वारा जानवरों को सायनाइड देने का मामला सामने आया था। 2018 में बोत्सवाना में 90 हाथियों के शव मिले थे। इनमें ज्यादातर ऐसे थे, जिनकी हत्या दांतों के लिए की गई थी।
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ब्रिटेन के नेशनल पार्क रेस्क्यू के कंजर्वेशन डायरेक्टर डॉ नियाल मैक्केन के मुताबिक, हाथियों की मौत बड़े स्तर पर हुई है। इससे पहले ऐसा मामला नहीं देखा गया है। सूखे की स्थिति को अलग कर दें तो मुझे नहीं लगता है कि इनकी मौत इससे पहले किसी दूसरी चीज से हुई होगी।
नियाल ने कहा कि उनके सहयोगियों ने मई की शुरुआत से लेकर अभी तक बोत्सवाना के ओकावांगो डेल्टा में 350 से अधिक मृत हाथियों की पहचान की है। सरकार ने लैब में जांच कराई है लेकिन अब तक नतीजे सामने नहीं आए हैं।
वैज्ञानिकों ने सरकार से हाथियों की जांच करने का आग्रह किया है ताकि ये साफ हो सकते कि इनसे इंसानों के लिए कोई खतरा नहीं है और न ही इंसानों से कोई संक्रमण इनमें पहुंचा। स्थानीय लोगों के मुताबिक, हाथियों को एक सर्कल में घुमते हुए भी देखा गया था।
उन्होंने कहा कि इन्हें देखकर लग रहा था या तो बैक्टीरिया वायरस के कारण इनकी मानसिक स्थिति बिगड़ी है या फिर जहर शरीर में पहुंचा है। डॉ नियाल मैक्केन के मुताबिक, शवों को देखकर लगता है कि कुछ ने एक झटके में दम तोड़ा है, क्योंकि हाथियों का मुंह जमीन की तरफ है। कुछ की मौत धीरे-धीरे हुई है, जब वे चल-फिर रहे थे।
बोत्सवाना वाइल्डलाइफ डिपार्टमेंट के एक्टिंग डायरेक्टर डॉ सिरिल ताओलो ने गार्जियन को बताया, हम हाथियों की मौत से वाकिफ हैं, 350 में से 280 जानवरों की पुष्टि हुई है। हम अन्य जानवरों का पता लगा रहे हैं। कोविड-19 के कारण हाथियों की जांच धीमी गति से हो रही है, क्योंकि सैम्पल को एनालिसिस के लिए दूसरे देश भेजा गया है।